वित्तीय वर्ष 2014-15 में घोषित किए गए लोहिया समग्र गांवों में कराए गए विकास कार्यों की हकीकत जांचने और उनके सत्यापन करने की कवायद शुरू हो गई है।
इसी कड़ी में मंगलवार को मुख्य विकास अधिकारी शंभू कुमार ने घाटमपुर विकास खंड के भदरस और एसडीएम कमलेशचंद्र बाजपेई ने मवई-भच्छन ग्राम पंचायत के इटौरा और दुर्गागंज गांवों का दौरा किया।
अधिकारियों ने वहां चौपाल लगाकर गांववालों की शिकायतें सुनीं। गांवों की गलियों का भ्रमण करके कराए गए विकास कार्यों की हकीकत जानने के साथ ही उनका गुणवत्ता भी परखी।
भदरस गांव में पहले जिलाधिकारी कौशलराज शर्मा के आने की सूचना मिली थी। लेकिन, बाद में उनका दौरा रद हो गया। जिलाधिकारी की जगह मुख्य विकास अधिकारी शंभू कुमार दोपहर में गांव पहुंचे।
उन्होंने गांव के नवनिर्मित पंचायत भवन में चौपाल लगाई। इस दौरान बताया कि लोहिया गांव की तय प्राथमिकताओं के आधार पर 70 फीसदी से अधिक काम करवाया जा चुका है।
बताया कि शेष कार्य करवाया जा रहा है। मुख्य विकास अधिकारी के दौरे की खबर के बाद गांव की एक गली में बिजली के जर्जर तारों को बदलने और लाइन ठीक करने का काम भी होता दिखाई दिया।
वहां से लौटने के बाद सीडीओ ने रास्ते में पड़ने वाले बीरपुर गांव में बनवाए गए ग्रामीण पर्यावरण पार्क में कुछ देर रुककर उसकी व्यवस्थाओं को देखा। इधर, उपजिलाधिकारी कमलेश चंद्र बाजपेई ने बताया कि उन्होंने इटौरा और मवई-माधौ गांवों में चौपाल लगाकर लोगों की समस्याएं सुनीं और विकास कार्यों का सत्यापन किया।
इटौरा गांव के लोगों ने विद्युतीकरण होने के बाद भी बिजली सप्लाई चालू न होने की शिकायत की। इस पर तत्काल बिजली आपूर्ति चालू करने के निर्देश दिए गए।
चौपाल में लोहिया आवास आवंटन, वरासत के मामलों, कृषि और आवास के पट्टा आवंटन के साथ ही सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जों से संबंधित जानकारियां की गईं।