राजपुर थाना क्षेत्र के डाढ़ापुर गांव में गत शुक्रवार की रात किसान की चेहरा कूचकर हत्या कर दी गई। शनिवार को उसका शव गांव के बाहर एक नलकूप की सूखी नाद में मिला। अपर पुलिस अधीक्षक मनोज सोनकर और फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट भी पहुंचे। पुलिस ने किसान के पुत्र नीलेश कुमार की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। रिपोर्ट में किसी को नामजद नहीं किया गया।
डाढ़ापुर निवासी नीलेश कुमार कटियार ने बताया कि उसके पिता रामबाबू (55) शुक्रवार की शाम घर से चाय पीकर निकल गए थे। वह अक्सर ऐसे ही गांव में चले जाते थे और कभी-कभी सुबह वापस आते थे, जिससे परिजन बेफिक्र थे। शनिवार को सुबह खेतों में काम करने गए गांव के लोगों ने उनका रक्तरंजित शव गांव से करीब 400 मीटर दूर एक निजी नलकूप पर नाद में पड़े होने की जानकारी दी। घटना की जानकारी होने पर गांव में कोहराम मच गया और सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। रामबाबू के सिर का आंख समेत बायां हिस्सा किसी वजनदार वस्तु से कुचला गया था।
नजदीक ही देसी शराब की बोतल, चार अधजलीं बीड़ियां, पानी की बोतल, माचिस और नमकीन का खुला पैकेट पड़े थे। शव देखकर पत्नी सरोजिनी देवी, पुत्री निधि, दूसरा पुत्र रोहित कुमार रो-रोकर बेहाल हो गए और पड़ोसी भी गमगीन रहे। परिजनों ने किसी से रंजिश भी नहीं बताई। फॉरेंसिक टीम के फील्ड यूनिट प्रभारी आनंद कुमार शर्मा ने बारीकी ने पड़ताल की और फिंगरप्रिंट लिये। डेरापुर के डीएसपी माजिद अब्सार, थाना इंचार्ज प्रभात कुमार सिंह, उपनिरीक्षक सुखराम चौधरी भी मौजूद रहे।
दो साल पहले नलकूप मालिक की वृद्ध मां की भी इसी तरह सिर कुचलकर हत्या की गई थी। उनका शव नलकूप के नजदीक ही अरहर के खेत में मिला था। उस वारदात का अभी तक खुलासा नहीं हो पाया। ग्रामीणों ने बताया कि करीब दो साल पहले पंकज कटियार की मां सियादुलारी (60) का शव उनके नलकूप के पास ही अरहर के खेत में मिला था। उनका भी सिर किसी वजनदार वस्तु से कुचला गया था। थाना इंचार्ज पीके सिंह ने कहा है कि सभी बिंदुओं पर पड़ताल की जाएगी। दोनों वारदातों का जल्द ही खुलासा हो जाएगा।