फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बहन की हत्या कर फेंका

Thu, 14 Jul 2016 01:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन
नानामऊ में अपने मायके आई विवाहिता की हत्या कर शव बोरे में पॉलीथिन से लिपेटकर खेत में फेंका गया। पहचान छिपाने के लिए उसके चेहरे और बदन को ज्वलनशील पदार्थ जलाया गया। आनन-फानन में मामले की जानकारी परिजनों और पुलिस को दी गई।
विज्ञापन


पुलिस ग्रामीणों को हंगामा करते देख शव को कोतवाली ले आई। जिसके बाद ग्रामीणों ने लखनऊ-इटावा राजमार्ग जाम करते हुए करीब दो घंटे तक जमकर प्रदर्शन किया। पुलिस ने समझा बुझाकर जाम खुलवाया, लेकिन इसके बाद बिल्हौर कोतवाली पहुंचे ग्रामीणों और परिजनों ने जीटी रोड पर पत्थर डालकर हंगामा शुरू कर दिया। मौके पर पहुंचे एसडीएम ने ग्रामीणों को समझाकर जाम खुलवाया।

पुलिस ने दो लोगों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है। एसएसपी शलभ माथुर ने बताया कि हिरासत में लिए गए फुफेरे भाई अजीत का चरित्र ठीक न होने की बात बताकर शिवदेवी ने उसकी शादी तुड़वा दी इसलिए उसने उसकी हत्या कर दी।
विज्ञापन


नानामऊ गांव में कन्हैयालाल पुत्र नन्हें अपने परिवार संग रहते हैं, कन्हैयालाल के पुत्र अजय ने बताया कि उसकी बहन शिवदेवी (25) की शादी करीब नौ साल पहले कन्नौज के जलालपुर अमरापुर निवासी कुलदीप पुत्र भोजराम संग की थी। अभी करीब एक माह पहले ही बहन की दूसरी पुत्री हुई, जिसके बाद शिवदेवी छह जुलाई को घर आई थी।

11 जुलाई को शिवदेवी सुबह करीब 5:20 खेतों में पर शौच को गई थी, काफी देर तक घर वापस न लौटने पर उसकी काफी खोजबीन भी की गई, लेकिन बहन का कोई सुराग नहीं लग सका। अजय ने आरोप लगाया कि पड़ोस में रहने वाली बुआ पार्वती पत्नी मोहनलाल, अजीत पुत्र मोहनलाल और फूफा मोहनलाल पुत्र दलगंज ने रंजिश में उनकी बहन को अगवा कर लिया।

आशंका पर तत्काल कोतवाली पुलिस को भी मामले की जानकारी दी गई, लेकिन पुलिस की मिलीभगत होने से न तो बुआ के घर की तलाशी ली गई और न ही क्षेत्र में कहीं भी शिवदेवी की खोजबीन की गई। कोतवाली पुलिस पर गुमशुदगी तक दर्ज न करने का आरोप लगाया। बुधवार की सुबह शिवदेवी का शव लखनऊ-इटावा राजमार्ग पर खेतों के किनारे बोरे में पॉलीथिन के अंदर मिला।


वहीं, पुलिस ने ग्रामीणों और परिजनों का हंगामा बढ़ता देख आनन-फानन में शव को पोस्टमार्टम को भेज दिया। इस पर ग्रामीण भड़क गए और उन्होंने लखनऊ-इटावा राजमार्ग जाम कर दिया। सुबह 10 से 12 बजे तक सड़क जाम रहने से मार्ग के दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं।

पुलिस ने ग्रामीणों को समझाकर यहां तो जाम खुलवा दिया, लेकिन सभी ग्रामीण ट्रैक्टर ट्रालियों से कोतवाली आ पहुंचे और जीटी रोड पर ईंट पत्थर डालकर जाम लगा दिया। करीब 40 मिनट तक चले हंगामे के बाद मौके पर पहुंचे एसडीएम आलोक कुमार ने  कार्यवाई का भरोसा देते हुए लोगों को शांत किया।पुलिस ने अजीत और मोहनलाल पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है।
विज्ञापन


 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें