शिवली/सरवनखेड़ा मंं तेज बारिश में कच्चे घर गिरने का सिलसिला शुरू हो गया है। शिवली कस्बे के सिंहपुर गांव में बारिश से छत ढह गई। मलबे में दबकर एक पांच साल की मासूम की मौत हो गई। जबकि, पास में सो रही एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। वहीं, सरवनखेड़ा कस्बे के कटेठी में दीवार गिरने से नौ बकरियां मलबे में दब कर मर गईं।
बुधवार को शिवली कस्बे के सिंहपुर गांव निवासी सुनील के कच्चे बरामदे की छत अचानक ढह गई। वहां सो रही बहन शोभा और भांजी रूचि (5) मलबे में दब गई। मलबा हटाकर दोनों को बाहर निकाला गया, जहां रूचि की मौत हो गई। जबकि, शोभा को सीएचसी शिवली से हैलट रेफर कर दिया गया। सुनील ने बताया कि रूचि रसूलाबाद के भोलापुर निवासी बहनोई प्रेमकुमार की पुत्री थी। वह अपने ननिहाल आई थी।
एसडीएम राजीव कुमार पांडेय व तहसीलदार गांव पहुंचे। वहां बच्ची के पिता प्रेम कुमार व मां अनीता को ढांढस बंधाया। तहसीलदार राजीव उपाध्याय ने बताया कि पीड़ितों की नियमानुसार मदद की जाएगी। कोतवाल राधामोहन द्विवेदी ने बताया कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया गया है।
सरवनखेड़ा प्रतिनिधि के अनुसार कटेठी निवासी महावीर सैनी ने बताया कि कच्ची दीवार पर रखे छप्पर के नीचे बकरियां बधीं थीं। बुधवार भोर में बारिश के दौरान दीवार ढहने से नौ बकरियां मलबे में दब गईं। शोर मचाने पर पड़ोसियों के सहयोग से मलबा हटाने का काम शुरू किया। सभी बकरियों की मौत हो गई। पशु चिकित्सा प्रभारी ने गांव पहुंच कर मृत बकरियों का पोस्टमार्टम किया। वहीं, लेखपाल रणविजय ने क्षति का आकलन कर रिपोर्ट एसडीएम को दी।
रनियां प्रतिनिधि के मुताबिक प्रसिद्धपुर गांव में बारिश से एक कमरे की छत ढह गई। गनीमत रही उसके नीचे कोई नहीं था। वहां रखा सामान मलबे में दबकर खराब हो गया।