इसी आंगन पर बैठकर भोजम करेंगे डिप्टी सीएम।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य आगामी 3 मई को घाटमपुर में छांजा गांव के जिस घर में भोजन करेंगे, उस मकान का चयन अधिकारियों ने काफी सोच-विचार के बाद किया है। मकान के बाहर चौड़ी सहन और अंदर बड़ा कच्चा आंगन होने के साथ पिछवाड़े की ओर खुली जगह है। वहीं, चौड़े आंगन में 15-20 लोग एकसाथ आसानी से बैठकर भोजन कर सकते हैं। सुरक्षा व्यवस्था के लिहाज से भी मकान महफूज है जिसके दोनों ओर सुरक्षाकर्मी खड़े होकर दूर तक निगरानी कर सकते हैं।
छांजा गांव की छुन्नी देवी कोरी जिसके घर डिप्टी सीएम का भोजन करने का कार्यक्रम प्रस्तावित है। उसके परिवार में सिर्फ चार सदस्य गृहस्वामिनी छुन्नी देवी, उसकी दो बेटियां वंदना और रमा देवी के अलावा बेटा रवींद्र कुमार है। डिप्टी सीएम के आने पर घर में मात्र छुन्नी देवी और उसकी छोटी बेटी रमा ही उपस्थित रहेंगे। डिप्टी सीएम के काफिले में शामिल लोगों को मकान की सहन और पिछवाड़े की ओर बैठाया जा सकता है।
रसोईघर में चूल्हा और गैस दोनों की व्यवस्था
घाटमपुर। छांजा गांव निवासी छुन्नी देवी कोरी के रसोईघर में मिट्टी का चूल्हा और रसोई गैस सिलेंडर (दोनों) से खाना पकाया जाता है। घर के आंगन और रसोईघर की फर्श कच्ची लेकिन, साफ-सुथरा है। गृहस्वामिनी और उसकी बेटी ने बताया कि उनको साफ-सफाई बेहद पसंद है। मकान के आंगन से लेकर दरवाजे के आगे और पीछे (दोनों ओर) मां-बेटी मिलकर सप्ताह में एकबार गोबर से फर्श की लिपाई-पुताई जरूर करती हैं। बताया कि डिप्टी सीएम यदि चूल्हे पर बनाया गया खाना पसंद करेंगे तो उनको वह सहर्ष बनाकर खिलाएंगी।
छांजा गांव में पहले भी हुआ है विकास
घाटमपुर। डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या 3 मई को पतारा के छांजा गांव आ रहे हैं। इस गांव का चयन स्वराज ग्राम योजना में किया गया है। लेकिन, गांव में पहले से ही विकास कार्य कराए जा चुके हैं। पेयजल, शौचालय, बिजली, गलियों में आरसीसी और अन्य सुविधाएं मौजूद हैं। गांव के निवासियों ने बताया कि पूर्ववर्ती सरकारों में भी उनके गांव को अंबेडकर और लोहिया समग्र गांव के रूप में चयन करके विकास कार्य करवाए गए हैं। गांव के कुछ लोगों ने बताया कि भाजपा सरकार में डिप्टी सीएम उनके गांव आ रहे हैं यह खुशी की बात है। बताया कि गांव के लोग उनसे एक पानी टंकी, इंटर कालेज और इलाके में कोई उद्योग लगवाए जाने की मांग करेंगे। इलाके के किसानों और युवाओं को रोजगार मिल सके।