फिरोजाबाद। एडीजे कोर्ट से छेड़छाड़ और पॉक्सो अधिनियम के तीन अभियुक्तों को किशोरी के बयान पलटने के कारण बरी कर दिया गया है।
थाना मटसैना में एक महिला ने केस दर्ज कराया था, जिसमें अपने गांव के वीरपाल, हरिवृत्त, उदयवीर पर आरोप लगाया था कि उनकी नाबालिग बेटी 4 अगस्त 2019 को चूड़ी की सिट पर काम करने जा रही थी। रास्ते में बेटी को तीनों आरोपियों ने दबोच लिया और गलत काम करने की नीयत से खींच ले गए। बेटी के साथ छेड़खानी की। राहगीरों के जुटने पर बेटी को धमकाते हुए भाग गए। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ जांच कर चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की। कोर्ट में किशोरी के बयान हुए तो उसने साफ कहा कि उदयवीर, वीरपाल और हरिवृत्त ने उसके साथ कोई घटना नहीं की। उसने जो बयान दर्ज कराया था, वह पुलिस के डराने व धमकाने पर दिया था, न कि अपनी स्वेच्छा से। साक्ष्यों व गवाही के अभाव में कोर्ट ने आरोपियों को दोषमुक्त करार दिया।