आगरा। यूपी बोर्ड परीक्षा में नकल रोकने का दावा किया गया लेकिन परीक्षा केंद्रों पर फर्जीवाड़ा नहीं रुक सका। मामला बोर्ड के स्तर से पकड़ा गया है। उत्तर पुस्तिकाओं पर अनुक्रमांक बदलने, एक ही अनुक्रमांक की दो उत्तर पुस्तिकाएं मिलने के मामले पकड़े जाने पर 5 परीक्षा केंद्रों को सीधे नोटिस भेजकर प्रभारियों से जवाब मांगा गया है। जवाब संतोषजनक न होने पर इन्हें डिबार किया जा सकता है। हालांंकि डीआईओएस के स्तर से परीक्षा के दौरान एक भी मामला नहीं पकड़ा गया था।
एक मामला ज्ञान इंटर कॉलेज जहारपुरी दहतोरा का है। उप सचिव की तरफ से नोटिस जारी हुआ है। इसमें इंटर सामान्य हिंदी विषय के पेपर में दो उत्तर पुस्तिकाओं पर अनुक्रमांक से छेड़छाड़ हुई है। अनुक्रमांक 2235004980 के स्थान पर 22350047180 और 2235004981 के स्थान पर 22350047181 अनुक्रमांक लिखा गया है। बोर्ड ने माना है कि यह अनुक्रमांक कटिंग और इरेजिंग कर दी गई है।
दूसरे मामले में श्रीमती ईश्वरी देवी इंटर कॉलेज रहनकलां में एक अनुक्रमांक पर दो उत्तर पुस्तिकाएं मिली हैं। इंटर की रसायन विज्ञान परीक्षा में परीक्षार्थी कुलदीप अनुक्रमांक 2235044350 की दो अ उत्तरपुस्तिकाएं मिली हैं।
इसी तरह श्रीमती भगवती देवी कन्या इंटर कॉलेज फतेहपुर में एक छात्र और एक छात्रा को दो अ पुस्तिकाएं देने का मामला पकड़ा गया है। अनुक्रमांक 2235054934 और 2235054897 की दो अ उत्तर पुस्तिकाएं बोर्ड को मिली है। दो मामलों में चंद्रभान सिंह इंटर कॉलेज मुखरई में हाईस्कूल परीक्षा में छात्र गोविंद अनुक्रमांक 1230026085 के स्थान पर फर्जी परीक्षार्थी पकड़ा गया था। भवानी सिंह इंटर कॉलेज में हाईस्कूल की परीक्षा में फर्जी परीक्षार्थी पकड़ा गया था। इस पर जांच की जा रही है। इससे पहले उत्तरपुस्तिका बदलने के मामले की जांच बोर्ड के स्तर से चल रही है।
जांच बोर्ड के स्तर से
यह जांच बोर्ड के स्तर से की जा रही है। इसकी जानकारी डीआईओएस कार्यालय को नहीं दी जाती है। जांच के बाद कार्रवाई का निर्देश मिलता है। डीआईओएस दिनेश कुमार