फिरोजाबाद। वर्ष 1982 में उत्तर थाना क्षेत्र के ठारपूठा में युवक की पीट-पीटकर हत्या करने के आरोपी वृद्ध को रामगढ़ थाने की पुलिस ने इंदौर से गिरफ्तार कर लाई। बृहस्पतिवार शाम को उन्हें जेल भेजा गया। हत्याकांड में सात आरोपी के विरुद्ध प्राथमिकी लिखवाई गई थी। इसमें से छह आरोपितों की मुकदमे की सुनवाई के दाैरान समय-समय पर मृत्यु हो गई थी।ठारपूठा निवासी बदन सिंह की हत्या की गई थी। इसमें इसी मोहल्ले के निवासी शिवराज समेत सात आरोपी के विरुद्ध प्राथमिकी रामगढ़ थाने में लिखवाई गई थी। तीन महीने जेल में रहने के बाद शिवराज सिंह को जमानत मिल गई थी। इसके बाद वह मकान और अन्य संपत्ति बेच कर भाग गया था। मुकदमे की सुनवाई के दौरान उसके न्यायालय में उपस्थित न होने पर न्यायालय से वारंट जारी किया गया था। इसके बाद से पुलिस उसकी लगातार तलाश करती रही।
परिवार के लोग आरोपी का पता न चलने की बात पुलिस को बताते रहे। रामगढ़ थाने के इंस्पेक्टर रवि त्यागी ने बताया कि इसके बाद उन्होंने शिवराज की बेटियों के घर का पता लगाया। उसकी एक बेटी इंदौर तो दूसरी दिल्ली में ब्याही है। पुलिस इंदौर में रहने वाली बेटी के पास पहुंची तो आरोपी शिवराज के बारे में पता चल गया। वर्तमान में 81 वर्षीय आरोपी इंदौर के हीरा नगर में एक मिष्ठाई की दुकान की देखरेख करता था। उसके पास बंदूक भी बरामद की गई है। पुलिस ने उसे न्यायालय में पेश किया। इंस्पेक्टर ने उसे जेल भेजने की जानकारी दी है।