फिरोजाबाद। नए साल की शुरुआत होने के साथ ही मेडिकल कॉलेज को सौगात मिल गई है। एमबीबीएस की पढ़ाई के बाद पोस्ट ग्रेजुएट की पढ़ाई के लिए बाहर नहीं जाना होगा। मेडिकल कॉलेज में मेडिसन और आर्थोपेडिक विभाग में पीजी की मान्यता मिल गई है। हालांकि दोनों विभागों में दो-दो सीटों से इसकी शुरुआत होगी। चार साल पूर्व मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की मान्यता मिली थी। इसके बाद पीजी के समकक्ष डीएनवी कोर्स और बीएससी नर्सिंग को मंजूरी मिली। स्वशासीय मेडिकल कॉलेज का नए साल 2024 में विस्तार हो गया है। अब एमबीबीएस के बाद पीजी की पढ़ाई के लिए हड्डी रोग विभाग और मेडिसन विभाग में मान्यता मिल गई है। अभी चार सीटों से इसकी शुरुआत होगी। नेशनल बोर्ड एग्जामिनेशन ने मेडिकल कॉलेज प्रशासन को पत्र भेजकर मंजूरी दे दी है। आगामी सत्र से पीजी की पढ़ाई शुरू होगी। अब डॉक्टर बनने के साथ मेडिकल कॉलेज अब विशेषज्ञ चिकित्सक की पढ़ाई कराएगा।
-
मेडिकल कॉलेज को पीजी मान्यता मिलने पर फायदा
मेडिकल कॉलेज की पढ़ाई के साथ स्वास्थ्य सेवाओं में भी विस्तार होगा। एमबीबीएस डॉक्टर जो कि विशेषज्ञ बनने आएंगे, वह भी मरीजों का उपचार करेंगे। सरकारी ट्राॅमा सेंटर में 24 घंटे हड्डी रोग और मेडिसन विशेषज्ञ की तैनाती रहेगी।
-मेडिकल कॉलेज का विस्तार हुआ है। इसमें आर्थोपेडिक और मेडिसन विभाग में पीजी के लिए मान्यता मिल गई है। यहां डॉक्टर बनने के साथ विशेषज्ञ चिकित्सक बनेंगे। मान्यता मिल गई है।
डाॅ. बलवीर सिंह, प्राचार्य स्वशासी मेडिकल कॉलेज