फिरोजाबाद। खाद्य सुरक्षा विभाग की स्वचलित प्रयोगशाला मंगलवार को जिले में आई। टीम ने गोलगप्पे के पानी की जांच की, इसमें हरे रंग की मिलावट होने की पुष्टि हुई।
सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषध प्रशासन डॉ. सुधीर सिंह के निर्देशन में अस्पताल के बाहर खड़े ठेल वालों के यहां खाद्य पदार्थों की मोबाइल वैन प्रयोगशाला से जांच कराई। इससे यहां पर ठेल वालों में अफरा-तफरी मच गई। कई तो अपनी ठेल लेकर इधर-उधर हो गए। सर्विस रोड पर गोलगप्पे की ठेल लगाने वाले एक दुकानदार के पानी की जांच कराई तो इसके पानी में हरा रंग निकला। जबकि हरे रंग के लिए धनिया एवं चटनी का प्रयोग करना चाहिए, लेकिन इनके द्वारा रंग एवं अन्य मसालों का प्रयोग किया जा रहा था। वहीं लाल मिर्च में भी रंग की पुष्टि हुई। जीरा मसाले में काले रंग एवं सलाद मसाले में भी रंग मिला। लाल चटनी में भी रंग मिला।
इस पर इन दुकानदारों को हिदायत दी गई। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने शिकोहाबाद में कुंज डेयरी एंड कन्फेक्शनरी पर भी छापा मारा। यहां पर पनीर की गुणवत्ता खराब होने की शिकायत विभाग को मिली थी। विभाग ने यहां पहुंचकर जांच की तथा पनीर का सैंपल जांच के लिए भेजा है।
मेयोनीज में नहीं थी क्रीम, जांच में मिला मैदा
क्रीम के नाम पर मेयोनीज में मैदा मिलाई जा रही है। एक दुकान से मेयोनीज मिलने पर मोबाइल प्रयोगशाला से इसकी जांच कराई तो इसमें स्टार्च मिला। इससे साफ है कि इसमें मैदा की मिलावट कर मेयोनीज को तैयार किया जा रहा है।