आरक्षण बदलने से कई दावेदारों के तैयारी पर फेरा पानी
पहले खुद ठोंक रहे थे ताल, अब अपने खेमे दावेदारों पर दांव लगाने की तैयारी
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजाबाद। बदले आरक्षण ने कई दावेदारों की तैयारी पर पानी फेर दिया। जो अभी तक खुद ताल ठोंक रहे थे वह अब अपने सिपहसालारों को तैयार करने में जुट गए। कोई अपने करीबी की पत्नी को मेयर बनाने की जुगत में जुटे है। वहीं जो कतार में नहीं थे उन्होंने एक बार फिर दावेदारी करनी शुरू कर दी। सत्ताधारी दल के नेताओं से संपर्क साधा जा रहा है। अब देखना यह होगा कि पार्टी नेतृत्व के समक्ष राजनीतिक समीकरण में कौन फिट बैठ पाता है।
पिछड़े वर्ग के आरक्षण को लेकर सुप्रीमकोर्ट की हरी झंडी मिलने के बाद फिरोजाबाद नगर निगम सहित जिले की आठ निकायों के अध्यक्ष पद का जो आरक्षण जारी किया उसने सभी की प्लानिंग बदल दी। हालांकि टूंडला, जसराना में इसका कोई असर नहीं पड़ा। फिरोजाबाद नगर निगम की सीट पिछड़ा वर्ग महिला के लिए आरक्षित होने के बाद जो दिन रात्रि होर्डिंग्स लगवाने में जुटे थे, दावतें चल रहीं थी वह शांत हो गए। नेताओं के घर चक्कर लगाना बंद कर दिया। शादी,उठावनी में सक्रियता कम कर दी। किसी ने पूछा तो एक ही जवाब पार्टी जिसे उतारेगी उसे लडाएंगे। कुछ ने अपने सिपहसालारों की पत्नी को मैदान में उतारने की प्लानिंग शुरू कर दी। कुछ वैसे तो बीसी के प्रमाणपत्र बनवाने की तैयारी में जुट गए। बोले की सफलता मिल गई तो ठीक है।
मक्खनपुर एवं एका नगर पंचायत में चेयरमैन पद के दावेदारों की तलाश करनी पड़ रही है। मक्खनपुर नई नगर पंचायत होने के कारण पार्टियों को भी यहां दावेदार खोजने पड़ेंगे। शिकोहाबाद पालिका में आधी आबादी की सक्रियता फिर से बढ़ने लगी है। सोशल मीडिया पर अपनी पत्नी को संभावित उम्मीदवार बताते हुए नए-नए चेहरे दावेदारी करते दिखाई दे रहे है। कमोवेश यही हाल फरिहा में है। सिरसागंज नगर पालिका में जरूर हलचल काफी तेज हो गई। सपा,बसपा,कांग्रेस एवं आप से भी नए दावेदार सक्रिय हो गए है। आठ निकायों के 196 वार्डों में से जिन वार्डों में मन के मुताबिक आरक्षण नहीं हुआ वहां बदलवाने की कोशिश में जुटे हैं। देखना यह होगा कि आखिर सफलता किसके साथ लगेगी।