फतेहपुर में पट्टा किए जाने पर नाराज प्रधान ने समर्थकों संग लेखपाल को रास्ते में घेरकर पीटा। सरकारी अभिलेख फाड़ दिए। पुलिस ने प्रधान समेत 10 लोगों पर एससी-एसटी एक्ट, बलवा, गाली गलौज, धमकी और सरकारी कर्मचारी से मारपीट का मुकदमा दर्ज किया है। गाजीपुर थाना क्षेत्र किशनपुर गांव निवासी रामबाबू सोनकर असोथर थाना क्षेत्र के घंघौल ग्राम सभा के लेखपाल हैं। उन्होंने एफआईआर में बताया कि झब्बापुर मजरे अंदमऊ में पशुचर की जमीन पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में अतिक्रमण मुक्त कराई थी।
शासनादेश पर अनुसूचित जाति को पट्टे के लिए जमीन की पैमाइश करने के बाद एक अप्रैल को गांव जा रहा था। रास्ते में गांव मनावा के पास लघुशंका के लिए बाइक रोकी। पीछे से बोलेरो सवार मनावा प्रधान दयाशंकर प्रजापति अपने समर्थकों रामप्रसाद, चेतनानंद, छोटेलाल, राजेंद्र, गंगा प्रसाद, क्षत्रपाल, सूरजपाल, राजेंद्र, इंद्रजीत के साथ आ धमके। इसी खुन्नस के चलते जाति सूचक शब्द बोलकर गाली गलौज की।
विरोध करने पर पिटाई की। छोटेलाल ने खसरा छीनकर फाड़ दिया। छीना झपटी में मोबाइल गिरकर टूट गया और पड़ताली नक्शा भी गायब हो गया। इसी बीच कुछ लोगों के आने पर प्रधान जान से मारने की धमकी देकर भाग निकला। प्रभारी निरीक्षक शेर सिंह राजपूत ने बताया कि मामले में आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।