-भीषण गर्मी में बिन टिनशेड के भटक रहे यात्री, पीने के पानी का इंतजाम तक नहीं
-शहर के चार बस स्टैंडों से रोजाना आठ हजार से ज्यादा यात्रियों का होता है आवागमन
संवाद न्यूज एजेंसी
फतेहपुर। शहर के निजी बस स्टैंडों में यात्री सुविधाओं का टोटा है। धूप और लू में यात्री बसों का इंतजार करते हैं। यात्री चाय-नाश्ते की दुकानों पर खड़े होकर बस चलने का इंतजार करते हैं। हाल यह है कि छांव के लिए एक अदद टिनशेड भी नहीं है। आग सी बरसती गर्मी में बस स्टैंडों में पानी के पानी तक का भी इंतजाम नहीं हैं। शहर के चारों निजी बस स्टैंडों से रोजाना आठ हजार से ज्यादा यात्रियों का आवागमन होता है।
फोटो-22-बिंदकी बस स्टैंड में धूप में खड़ीं बसें। संवाद
सिविल लाइन स्थित चर्म विद्यालय के पास से बिंदकी के लिए हर आधे घंटे में बसें चलती हैं। दिनभर में दोनों तरफ से 18 से 20 चक्कर बसें लगाती हैं। बस स्टैंड एक खाली प्लाट में संचालित है। यहां पर यात्रियों के बैठने के लिए छाया की कोई व्यवस्था नहीं है। पीनी के पीने के लिए हैंडपंप तक नहीं लगा।
फोटो-23-अशोक नगर बस स्टैंड। संवाद
अशोकनगर बस स्टैंड से विजयीपुर, असोथर, नरैनी, सरकंड़ी, औगासी, गाजीपुर के लिए हर आधे घंटे में दो बसें चलती हैं। बांदा जनपद की सीमा से जोडऩे वाले इस मार्ग के बस स्टैंड में हर समय यात्री मौजूद रहते हैं। बस स्टैंड में एक भी यात्री शेड नहीं है और पीने के पानी के लिए हैंडपंप तक नहीं लगा है। भीषण गमी से यात्रियों को पानी के लिए परेशान होना पड़ता है।
फोटो-24-जयरामनगर बस स्टैंड। संवाद
शहर के जयराम नगर से जहानाबाद और अमौली के लिए निजी बसों का संचालन होता है। इस लंबे रूट में हर घंटे बसों का संचालन होता है। स्टैंड में यात्रियों के बैठने के लिए छाया तक नहीं है। यहां पर दुकानें होने के कारण यात्री दुकानों में बैठकर धूप से बचाव करते हैं। पीने के पानी के लिए एक हैंडपंप जरूर लगा है।
बयान:-
निजी बस स्टैंड नगर पालिका के अधीन नहीं हैं। संचालक अपनी मर्जी से बसों का संचालन कर रहे हैं। ऐसे में बस मालिकों की यात्री सुविधाओं की व्यवस्था करना चाहिए। साधन मुहैया कराने को लेकर बस मालिकों से भी बातचीत की जाएगी- एडवोकेट राजकुमार मौर्य, चेयरमैन नगर पालिका