फतेहपुर। जिला अस्पताल में कमीशनखोरी और मरीजों से लूट मची है। परिसर स्थित प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्रों में बाहर की दवाएं बेची जा रही हैं और मरीजों से ज्यादा दाम वसूले जा रहे हैं।
राधानगर थाना क्षेत्र निवासी एक महिला अपने साथ मरीज को लेकर अस्पताल पहुंची। उसका हाथ टूटने पर एक माह पहले ऑपरेशन हुआ था। 10 दिन पहले डॉक्टर ने पर्चे पर दवा लिखी थी। मरीज ने जन औषधि केंद्र से दवा खरीदी। केंद्र संचालक ने बाहर की मल्टीविटमिन दवा देकर 400 रुपए वसूले थे। बुधवार को मरीज रूटीन चेकअप के लिए डॉक्टर के पास पहुंची। उसने दवाएं दिखाई तो पता चला कि संचालक ने दूसरी दवा दी है। पीड़ित महिला मरीज शांति ने बताया कि उसका हाथ टूटने के बाद ऑपरेशन हुआ था। 10 दिन पहले पीएम जन औषधि केंद्र से दवा ली तो उसने बाहरी दवा दे दी। हमको जानकारी नहीं थी। मरीज की तीमारदार मालती सिंह ने बताया कि डॉक्टर ने जो दवा पर्चे पर लिखी थी वो दवा न देकर संचालक ने बिना बताए दवा बदल दी। 490 रुपए की दवा दी थी। अब डॉक्टर के कहने पर दवा बदल दी है। संचालक आदित्य सिंह ने बताया कि बाहरी दवाएं बेचने की अनुमति नहीं है, मगर सरकारी दवा खत्म होने पर वह बाहरी दवाएं बेचता है। विकल्प के लिए हम लोग मंगा लेते हैं। इसका और कोई उद्देश्य नहीं है। यह भी कहा कि सभी डॉक्टर बाहर की दवाएं लिखते हैं, उनपर कोई कार्रवाई नहीं होती है।