खागा। मोहित हत्याकांड का पुलिस ने गुरुवार को खुलासा किया। नई बस्ती में दो अगस्त 2022 की शाम को मोहित की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना के पहले दिन से ही पुलिस को हत्या में मृतक के चाचा पर शक था। कई बार पूछताछ भी की थी। उसके खिलाफ सबूत जुटाने में पुलिस को पांच माह लग गए। चाचा को गिरफ्तार कर तमंचा बरामद किया। पुलिस का मानना है कि अवैध संबंधों का विरोध करने पर मोहित की हत्या की गई थी।
खागा कोतवाली क्षेत्र के भोगलपुर गांव के निवासी फूलचंद्र जायसवाल रावण मैदान के पास समोसा का ठेला लगाते हैं। वह अपनी पत्नी राधा देवी, पुत्र रोहित, मोहित (16) के साथ नवीन मंडी के सामने नई बस्ती मोहल्ले में अपने भाई के मकान के बेसमेंट पर रहते थे। मोहित शुकदेव इंटर कॉलेज में कक्षा 11 का छात्र था। परिवार दो अगस्त 2022 की शाम रावण मैदान में प्रदर्शनी देखने गया था। अकेला मोहित ही घर पर था। करीब सात बजे परिजन लौटे तो एक कमरे में मोहित का शव पड़ा मिला।
सिर पर गोली मारकर उसकी हत्या कर दी गई थी। पिता फूलचंद्र ने जमीन के विवाद में परिवारिक सुरेंद्र कुमार, शिवा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। जांच में सुरेंद्र कुमार और शिवा के खिलाफ सबूत नहीं मिले।
पुलिस ने मोहित के भोगलपुर निवासी चाचा ज्ञानचंद्र जायसवाल को गुरुवार दोपहर हत्या में प्रयुक्त तमंचे के साथ जेल भेजा दिया। सीओ संजय सिंह ने बताया कि ज्ञानचंद्र के परिवार की एक महिला से अवैध संबंध थे। इसके बारे में मोहित का पता लग चुका था। ज्ञानचंद्र को डर था कि मोहित उसका राजफास कर सकता है। तभी ज्ञानचंद्र ने मौका देखकर मोहित की हत्या की और भाग निकला था। आरोपी को जेल भेजा गया है।