फोटो 29 - कार्रवाई को लेकर अधिकारियों से नोकझोंक करतीं जिला पंचायत सदस्य मंजू सिंह। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
अल्लीपुर(फतेहपुर)। गैंगस्टर के तहत कुर्क 58 लाख कीमत की सरकारी जमीन पर शराब माफिया और प्रधान मनमोहन उर्फ राकेश सिंह ने दोबारा कब्जा कर लिया। शनिवार दोपहर पुलिस व प्रशासन के अधिकारी बुलडोजर लेकर कब्जा हटाने पहुंचे। माफिया की जिला पंचायत सदस्य पत्नी मंजू सिंह और भाकियू के विरोध के चलते बुलडोजर नहीं चल सका। बवाल बढ़ते देखकर पंचायत सदस्य ने स्वयं मजदूरों को लगाकर चहारदीवारी गिरवा दी।
मलवां थाना क्षेत्र के मीरमऊ प्रधान मनमोहन उर्फ राकेश सिंह प्रयागराज जोन की टॉपटेन सूची में शराब माफिया है। सनगांव वार्ड से माफिया की पत्नी मंजू सिंह जिला पंचायत सदस्य हैं। माफिया के भाई समरजीत, अमरजीत सिंह भी गैंगस्टर हैं। माफिया ने पत्नी के नाम की जमीन से जुड़ी सरकारी जगह पर कब्जा किया था।
प्रशासन ने अप्रैल-2022 में बुलडोजर चलवाकर जमीन मुक्त कराई थी। मामले में लोक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम के तहत 25 अप्रैल 2022 को माफिया के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। इसके बाद प्रशासन चुप बैठ गया। राकेश सिंह ने दोबारा निर्माण कराकर जमीन पर कब्जा कर लिया। बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष जगदीश सिंह चौहान ने मामाले की डीएम से शिकायत की थी। तहसीलदार की जांच में भी कुर्क संपत्ति पर गेट और चहारदीवारी निर्माण कराने की बात सामने आई। साथ ही साइनबोर्ड भी मिला।
शनिवार दोपहर तीन बजे तहसीलदार सर्वेश कुमार और मलवां थानाध्यक्ष आलोक पांडेय चार थानों की फोर्स व एक प्लाटून पीएसी के साथ बुलडोजर लेकर मौके पर पहुंचे। जिला पंचायत सदस्य मंजू सिंह, भाकियू ब्लॉक अध्यक्ष जयकिशन द्विवेदी समेत सैकड़ों ग्रामीणों ने कार्रवाई का विरोध किया। नोकझोंक के बाद जिला पंचायत सदस्य ने स्वयं निर्माण गिराने की बात कही और मजदूरों से दीवार गिरवाई।
सीओ सिटी वीर सिंह ने बताया कि अवैध निर्माण गिराना प्रशासन का मकसद है। खुद ही निर्माण गिराना भी उनके लिए शर्मनाक है। राजस्व टीम की ओर तहरीर मिलने पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा। एसडीएम अंजू वर्मा ने कहा कि अवैध निर्माण पर कार्रवाई की गई है।