चौडगरा (फतेहपुर)। प्रेमी के घर पर मिले युवती के शव के मामले की जांच में वादी पक्ष ही मुल्जिम निकला है। पुलिस ने मृतका के पिता और उसके दो चाचाओं को जेल भेजा है। जबकि, पहले मृतक की मां की ओर से कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने प्रेमी समेत चार के खिलाफ गैरइरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस का दावा है कि आरोपियों ने घटना कबूल की है। इसके अलावा गांव के लोग गवाह हैं जो पूरा घटनाक्रम जानते हैं।
कल्यानपुर थाना क्षेत्र के कोरसम गांव के महमूदपुर निवासी राजकुमार की पुत्री शशि (18) की आठ जुुलाई 2022 को संदिग्ध हालात में मौत हो गई थी। उसका शव गांव के धर्मेंद्र के घर पर मिला था। पुलिस के डर से धर्मेंद्र और उसका परिवार घर छोड़कर भाग निकला था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शरीर पर हल्की चोट के निशान मिले। डॉक्टर ने विसरा सुरक्षित कर दिया था।
मृतका की मां बूधा ने बेटी की पीटकर हत्या करने का आरोप लगाया था। पुलिस ने सुनवाई नहीं की तो कोर्ट की शरण ली थी। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने 11 अक्तूबर 2022 को मोहन, बुद्धराज, मुन्ना, धर्मेंद्र के खिलाफ शशि की गैरइरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि शशि और धर्मेंद्र के बीच प्रेम प्रसंग था। शशि के परिजन रिश्ते का विरोध करते थे।
प्रभारी निरीक्षक नीरज यादव ने बताया कि जांच में पता चला कि घटना की रात शशि के साथ उसके पिता राजकुमार और चाचा सरविंद व सुघर ने मारपीट की थी। पिटाई से आहत होकर शशि ने जहर खा लिया था। उसे इलाज कराने भी ले गए थे। मौत का पता लगने पर धर्मेंद्र के दरवाजे शव रखकर चले गए। दूसरे दिन आरोप लगाया कि धर्मेंद्र के घर शशि गई थी। जहां धर्मेंद्र और उसके परिजनों ने शशि को मार डाला। जांच में आरोपी पाए पिता और दोनों चाचा को जेल भेजा गया है। उनके पास तमंचा और चाकू भी बरामद हुआ है।