फतेहपुर। दो पक्षों के बीच विवाद, फायरिंग और तोड़फोड़ के मामले में अपर सत्र न्यायधीश अखिलेश कुमार पांडेय की अदालत ने दोनों पक्षों के पांच लोगों को सजा सुनाई है।
सदर कोतवाली क्षेत्र के मूसेपुर गड़रियनपुरवा में 14 जून 2009 को दीवार गिराने को लेकर पक्षों के बीच विवाद हुआ था। एक पक्ष के जिला शासकीय अधिवक्ता रहस बिहारी श्रीवास्तव ने बताया कि विवाद के बाद रामप्रकाश पाल की ओर से आरोपी विश्वनाथ और कल्लू उर्फ शिवनाथ के खिलाफ गोली मारने की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। गोली लगने से वादी के भाई रामसनेही पाल और धनंजय घायल हो गए थे।
पुलिस ने आरोपी विश्वनाथ को तमंचा, खोखा और कल्लू को कारतूस के साथ गिरफ्तार किया था। कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद दोनों आरोपियों को दोषी माना। कोर्ट ने छह साल कारावास और पांच हजार पांच सौ रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड जमा न करने पर तीन माह अतिरिक्त कारावास के आदेश दिए हैं।
दूसरे पक्ष के शासकीय अधिवक्ता सहदेव गुप्ता ने बताया कि रामगोपाल की ओर से दीवार विवाद में मारपीट और तोड़फोड़ का राम प्रकाश पाल, शिवभूषण, रामसनेही व धनंजय के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। मुकदमा दौरान धनंजय की मृत्यु हो गई। प्रकरण में बचे तीनों को कोर्ट ने दोषी करार दिया। एक साल कारावास और दो हजार का अर्थदंड की सजा सुनाई है।