फतेहपुर। जिले के राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) में प्रवेश को लेकर युवाओं में उत्साह नहीं दिख रहा। रेलवे की नौकरी के लिए आईटीआई का डिप्लोमा महत्वपूर्ण होने के बावजूद पहले चरण की प्रवेश प्रक्रिया में जिले के प्रशिक्षण संस्थानों में सिर्फ 99 युवाओं ने ही प्रवेश लिया है। प्रवेश की अंतिम तिथि मंगलवार को समाप्त हो जाएगी।
जिले में पांच राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान संचालित हैं। ये फतेहपुर, सिविल लाइन, खागा, बिंदकी, जहानाबाद में हैं। इनमें सभी ट्रेड़ों को मिलाकर 1800 सीटें हैं। कोरोना काल के बाद से किसी भी संस्थान की शत प्रतिशत सीटें नहीं भर पाईं।
आईटीआई में नया सत्र फिर प्रारंभ होने जा रहा है। पहले चरण की प्रवेश प्रक्रिया 18 अगस्त से शुरू हुई है और मंगलवार को समाप्त हो जाएगी। इसके बावजूद अभी तक केवल 99 युवाओं ने प्रवेश लिया है। सभी संस्थानों में दिनभर प्रवेश काउंटर खुले रहते हैं, लेकिन यदा कदा ही प्रवेश के लिए युवा पहुंच रहे हैं।
तीन सत्रों में एक भी प्रवेश नहीं
आईटीआई का कढ़ाई ट्रेड मृत घोषित होने के कगार पर है। जिले की एक मात्र आईटीआई सिविल लाइन फतेहपुर में कढ़ाई का ट्रेड संचालित है। इसमें भी लगातार सत्र 2018, 2019, 2020, 2021 में एक भी अभ्यर्थी ने प्रवेश नहीं लिया है। नए सत्र में भी अभी तक एक भी प्रवेश नहीं हुआ।
पहले चरण की प्रवेश प्रक्रिया मंगलवार को समाप्त हो रही है, लेकिन अभी तक 99 युवाओं ने ही प्रवेश लिया है। जल्द ही अगले चरण की प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ है। प्रवेश प्रक्रिया कई चरणों में चलती है। -एमएम शुक्ला, नोडल प्रधानाचार्य, राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान।