अमौली (फतेहपुर)। बहनोई के घर में रह रही साली की ईंट से कूंच कर हत्या कर दी गई। बदबू फैलने पर शनिवार की रात पुलिस ने घर का ताला तोड़कर लाश को निकाला। घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। हत्याकांड में पुलिस ने सगे बहनोई और उसके बड़े भाई को नामजद किया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या ठोस वस्तु से चोट पहुंचाने के कारण होना आया है। जहानाबाद थाना क्षेत्र के चिल्ली निवासी जगत बिहारी अवस्थी की बेटी सुमन (26) की शादी पांच साल पहले जाफ रगंज थाना क्षेत्र के सुल्तानगढ़ निवासी बल्लू दुबे के साथ हुई थी। दो साल पहले बल्लू अपने भाई की हत्या के आरोप में जेल चला गया था। इसके बाद से सुमन चांदपुर थाने के गोपालपुर गांव निवासी राजेश (सगे बहनोई) के घर रहने लगी थी। राजेश का बड़ा भाई अवधेश हमीरपुर जिले में शिक्षक है। उसका भी गोपालपुर छोटे भाई के घर आना-जाना रहता था। ग्रामीणों ने बताया कि 18 अप्रैल को सुमन का राजेश के परिजनों से किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। वे घर में ताला लगाकर चले गए थे। ग्रामीणों ने शनिवार रात घर से दुर्गंध आने पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ताला तोड़कर घर के अंदर दाखिल तो महिला की खून से सनी लाश पड़ी थी। बेरहमी से सिर और चेहरा कूंचा हुआ था। प्रधान मुलायम सिंह की तहरीर पर पुलिस ने सुमन देवी के बहनोई राजेश और अवधेश के खिलाफ हत्या और शव छिपाने की रिपोर्ट दर्ज की है। एसओ राधेश्याम राव ने बताया कि पुलिस आशनाई, घर के विवाद दोनों बिंदु पर जांच कर रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही सारा मामला स्पष्ट होगा। उधर, मृतका के मायके पक्ष के लोग अभी तक नहीं पहुंचे हैं।
सुमन के चलते भाइयों ने भाई का किया था कत्ल
फतेहपुर। सुमन के लिए पहले भी उसका पति अपने भाई का खून बहा चुका है। एक भाई की मौत हुई थी तो बचे दोनों भाइयों को पुलिस ने जेल भेज दिया था।
बता दें कि सुमन हत्याकांड ने जाफरगंज थाना क्षेत्र के सुल्तानगढ़ गांव में दो साल पहले हुए क ल्लू दुबे हत्याकांड की याद ताजा कर दी है। कल्लू की हत्या में उसके सगे भाई बल्लू और सुंदरश्याम को पुलिस ने जेल भेजा था। बल्लू ने पुलिस को कबूलनामे में बताया था कि भाई कल्लू नशे का लती था। वह उसकी पत्नी को परेशान करता था। अक्सर उसके साथ छेड़खानी करता था। विरोध करने पर कल्लू और बल्लू के बीच मारपीट हुई थी। इसी दौरान कल्लू के सिर में बल्लू ने लाठी से प्रहार कर दिया था। जिससे उसकी मौत हो गई थी। इसके बाद बल्लू ने दूसरे भाई संग मिलकर कल्लू की लाश कुएं में फेंक दी थी। कई दिन बाद लाश बरामद हुई तो पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की गई थी। पुलिस की पूछताछ में हत्याकांड का खुलासा हो गया था। इस तरह से सुमन दो साल पहले अपने देवर की मौत की वजह बनी थी।
गुपचुप तरीके से शादी रचाना हत्या की वजह
जहानाबाद/अमौली। सुमन हत्याकांड को लेकर फिलहाल के लगाए जा रहे कयास उलटे साबित हो सकते हैं। पुलिस की दर्ज रिपोर्ट भी गलत निकल सकती है। ग्रामीणों का दावा सच के रूप में सामने आ सकता है। एसओ राधेश्याम राव का दावा है कि अवधेश और राजेश से ही सुमन के मधुर संबंध थे। इसी वजह से उसकी एक ने हत्या कर दी होगी। ग्रामीणों के मुताबिक सुमन को 18 मई से नहीं देखा गया था। उस दिन घर में परिवार की कुछ महिलाएं आई थी। उन महिलाओं के जाने के बाद घर में तालाबंदी हो गई थी। साफ है कि हत्या से पहले घर आए लोग ही वारदात में शामिल रहे हाेंगे। जहानाबाद थाना क्षेत्र के चिल्ली गांव में रहने वाले सुमन के मायके पक्ष के पास उसकी दूसरी शादी का वैवाहिक अनुबंध पत्र है। अनुबंध पत्र वाली शादी में आरोपियों में एक का नाम दर्ज है। यह बात आरोपी के घरवालों को मालूम पड़ी होगी। एक तरह से सुमन दूसरी शादी के बाद जायदाद की दावेदार भी हो गई। वह बहनोई के परिवार के लिए ही कांटा हो सकती थी। इस वजह से उसे संयुक्त रूप से मिलकर षड़यंत्र के तहत हत्या की गई होगी। एसओ राधेश्याम राव ने बताया कि वारदात के हर बिंदु पर छानबीन की जा रही है।
सुमन के सब हो गए पराये
सुमन की हत्या की खबर पुलिस ने जहानाबाद थाना क्षेत्र के चिल्ली गांव में रहने वाले मायके पक्ष को भी दी थी, लेकिन कोई भी मौके पर नहीं पहुंचा। यहां तक कि उसके अंतिम दर्शन के लिए भी नहीं पहुंचे। चिल्ली गांव में पिता जय बिहारी अवस्थी और मां प्रवीणा व चार भाई रहते हैं। जय बिहारी ने बताया कि उसकी तीन बेटियां थी। जिसमें सुमन से उनका कोई भी वास्ता सालों से नहीं है। उसकी मौत से कोई लेना देना नहीं है।