मवेशी चोरों का आतंक, सात भैंस ले गए
औंग। गांवों में मवेशी चोरों की दहशत से ग्रामीण परेशान हैं। बुधवार की रात दो गांवों में चोरों ने सात भैंस चुराकर ले जाने की कोशिश की। चोर दो भैंसें वाहन में लादकर भाग गए। दूसरी जगह शोर मचने पर चोरों को पांच भैंसें खेत में छोड़कर भागना पड़ा। एक हफ्ते में इलाके से आठ भैंस चोरी हो चुकी हैं। लाखों रुपये की चपत लगने से किसान परेशान हैं। पुलिस की गश्त बेमानी साबित हो रही है।
रानीपुर गांव में बिंदा प्रसाद पांडेय के घर के बाहर बंधी एक लाख रुपये की कीमत की दो भैंस बुधवार की रात चोरी हो गईं। कुछ देर बाद बिंदा प्रसाद की नींद खुली। भैंसें न देखकर वह गांव वालों के साथ खोजबीन में जुट गए। इन्होंने गांव से बाहर जा रही एक पिकअप का पीछा किया। ग्रामीणों के पिकअप तक पहुंचने से पहले वह हाईवे पर कानपुर की ओर चली गई। हाईवे पर ग्रामीणों को हाजीपुर गांव के मुर्गी फार्म पर काम करने वाले सुरेश और इनका बेटा राजेश मिला। ग्रामीणों ने इन्हें संदिग्ध जानकर पकड़ लिया। पिटाई करने के बाद पुलिस को सौंप दिया।
पिता-पुत्र ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि हाईवे पर कनेर के पेड़ लगे हैं। इसके फूल रात को तोड़ लेते हैं। सुबह एक पंडित को बेच देते हैं। चोरों से उनका कोई लेनादेना नहीं है।
वहीं बुधवार रात ही पांडु नदी के किनारे के दरियापुर गांव में विजय करन यादव का घर है। इनकी पांच भैंस रात को चोरी हो गईं। अचानक नींद खुलने पर ग्रामीणों ने पिकअप को देखकर शोर मचाया। इससे बदमाश भाग निकले। शोर शराबा सुनकर विजय करन घर से बाहर निकले। भैंस चोरी होने पर इनके होश उड़ गए। हालांकि इनकी चोरी हुई भैंस खेत में मिल गईं। चोर विजय करन की भैंस चोरी के बाद शोर मचाने से ले जा नहीं सके।
इस हफ्ते आशापुर गांव के विजयशंकर पांडेय की दो भैंस, गोपालपुरी गांव से तीन भैंस और सादीपुर गांव के चौकीदार की भैंस चोरी हो चुकी हैं। एसओ विजय प्रताप सिंह ने बताया कि पुलिस मवेशी चोरों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
- एक गांव में लोगों के जागने पर पांच भैंस छोड़कर भागे, एक हफ्ते में आठ भैंस चोरी, ग्रामीण दहशत में, पिता-पुत्र को संदिग्ध मान कर पीटा, पुलिस के हवाले किया
अमर उजाला ब्यूरो
सूअर चोरी में बेटे को दबोचा, पिता भागा
जाफरगंज(ब्यूरो)। पुलिस ने रोटी चौराहे से छापेमारी कर गुरुवार को सूअर चोरी के एक आरोपी को दबोचा है। उससे दस सूअर बरामद हुए हैं। एसएचओ अरविंद सिंह गौतम ने बताया कि देवरी गांव निवासी सुरेश बाल्मीकि के घर से 31 जुलाई को दस सूअर चोरी हुए थे। जांच के दौरान टरुवापुर गांव के प्रेमबाबू और उसके पिता शिवरतन पर चोरी का शक हुआ। आरोपी प्रेमबाबू को सेलावन गांव से गिरफ्तार किया गया। चौकी इंचार्ज आशुतोष सिंह ने आरोपी की निशानदेही पर रोटी चौराहे से सूअर बरामद किए। आरोपी ने चोरी में अपने पिता को भी शामिल होना कबूला है। आरोपी ने बताया कि करीब एक लाख रुपये की कीमत के सूअर हैं। इनका 50 हजार में सौदा तय कर दिया था। वह सूअर बेचने जा रहा था, तभी पकड़ लिया गया।