बिंदकी। भाकियू ने तहसील परिसर में सोमवार को धरना-प्रदर्शन किया। नजूल की जमीन से किसान जगदीश चंद्र के कब्जा हटाए जाने का विरोध करते हुए हंगामा व नारेबाजी की। बाद में अधिकारियों के आश्वासन पर भाकियू ने धरना समाप्त किया।
किसान जगदीश चंद्र को जमीन से अतिक्रमण हटवाने के विरोध में भाकियू ने धरना-प्रदर्शन किया। चक्का जाम कर विरोध करने की नीयत से भाकियू के लोगों ने नारेबाजी शुरू कर दी। तहसीलदार प्रमेश श्रीवास्तव तथा एसएसआई केशव वर्मा, कस्बा इंचार्ज संतोष यादव धरना स्थल पर पहुंचे। तहसीलदार ने उन्हें समझाया। तब
भाकियू ने पदाधिकारियों ने सात सूत्रीय ज्ञापन तहसीलदार को दिया। तहसील अध्यक्ष रामसहाय पटेल ने कहा कि जगदीश चंद्र की जमीन को नजूल की जमीन बताकर उसके खिलाफ जो कार्रवाई की गई है वह गलत है। किसान को जमीन वापस की जाए और नुकसान की भरपाई हो। इसके अलावा चकमदा गेहूं खरीद केंद्र में जिन किसानों का
बकाया है, उनकों तत्काल भुगतान कराया जाए। अन्ना मवेशियों से किसानों का नुकसान हो रहा है, उनको पकड़ कर गोशालाओं में बंद किया जाए। इस मौके पर भाकियू जिला प्रवक्ता अशोक उत्तम, धर्मपाल सिंह, नवल सिंह पटेल, वीरेंद्र सिंह पटेल, सुखीराम, अंगत सिंह, रिहाना, नसीर खान, राजकुमारी, शकुंतला, छोटेलाल, राजभवन, मलखान, जगदीश, पुरुषोत्तम मौजूद रहे।
28- भाकियू किसानों से वार्ता करते तहसीलदार प्रमेश श्रीवास्तव
नजूल की जमीन से कब्जा हटाने पर भड़की भाकियू
- प्रशासन की कार्यशैली का किया विरोध, नारेबाजी
अमर उजाला ब्यूरो