साथ ही, शारून, प्यारा समद, गीता मसीह, नरहरि याकूब मसीह, माधुरी पन्ना, कामेश कुमार, सुनैना कुजूर, उज्जवालेन टोप्यो, अक्षता टोप्यो, नीलमणि टोप्यो, अर्पित कुमार, ज्योति मोनालिसा, मिनीक्षी टिर्की, अंजू रानी, दाउद मसीह समेत 39 आरोपी फरार है।
कोतवाल/विवेचक अमित मिश्रा ने बताया कि आरोपियों के संपत्ति कुर्क किए जाने की कार्रवाई का कोर्ट ने आदेेश दिया है। आरोपियों के पते पर समय रहते कोर्ट में हाजिर होने की नोटिस चस्पा की जाएगी। हाजिर नहीं होने पर तय समय सीमा के बाद संपत्ति कुर्क की जाएगी।
पुलिस को नोटिस तामीला में उठानी पड़ेगी मशक्कत
फतेहपुर। सामूहिक धर्मांतरण प्रकरण में पुलिस को नोटिस तामील कराने में कड़ी मशक्कत का सामना करना पड़ेगा। अधिकतर आरोपी अस्थायी रूप से मिशन हास्पिटल, कलक्टरगंज, हरिहरगंज, देवीगंज, पटेल नगर के रहने वाले हैं।
ये समूह बनाकर कालोनियों में बसे थे। धर्मांतरण के मामले के बाद ये लोग पैतृक गांवों में भाग निकले हैं। इनके मूल पतों में कर्नाटक, उत्तराखंड का देहरादून, लखनऊ, कानपुर, सोनभद्र, छत्तीसगढ़, झारखंड, पश्चिम बंगाल है। इन जगहों पर जाकर नोटिस तामील कराना मशक्कत का काम है।