फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फिरौती मांगने वाला भी पकड़ा गया

विज्ञापन
विज्ञापन
खागा। वेल्डिंग व्यापारी इरफान की हत्या में सामिल चौथे आरोपी को पुलिस ने शनिवार की सुबह गिरफ्तार किया है। उसके पास से इरफान का सिमकार्ड, पर्स, डेबिट व अन्य कार्ड के अलावा जिस मोबाइल फोन से फिरौती मांगी गई थी, बरामद किया गया है। इतना ही नहीं आरोपियों की मदद करने वाले एक युवक को भी पकड़ा गया है। पुलिस अब तक छह लोगों को पकड़ चुकी है। पुलिस रविवार को पूरी घटना का खुलासा करेगी।
विज्ञापन

बीती 21 जुलाई को इरफान का अपहरण हुआ था। दो दिन पहले ही उसकी हत्या की बात सामने आई थी। अपहरण, फिरौती व हत्या के मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया था। जबकि उनका एक साथी दीपक पुलिस की पकड़ से बाहर चल रहा था। दीपक भी वारदात में शामिल था और उसने ही इरफान का सिमकार्ड निकालकर उसे अपने फोन में लगाकर फिरौती के लिए फोन व मैसेज किए थे।
इरफान का पर्स भी उसने अपने पास रखा हुआ था। पुलिस ने जिले से ही दीपक को शनिवार की सुबह गिरफ्तार किया और खागा लेकर आई। इसके अलावा एक और अन्य मददगार युवक को भी पुलिस ने पकड़ा है।
विज्ञापन

खागा। गाजीपुर थाना क्षेत्र के औगासी घाट पर इरफान के शव की तलाश के लिए प्रयागराज से एसडीआरएफ की टीम स्टीमर व अन्य उपकरणों के साथ पहुंची और नदी में शव की खोजबीन की। शाम तक चली खोजबीन के बाद भी शव का पता नहीं चल सका। सूत्रानुसार खोजबीन के दौरान जाल में चप्पल व कपड़े फंसे हैं। जिसका सत्यापन किया जा रहा है। यमुना के तेज प्रवाह के कारण शव की तलाश में दिक्कतें आ रहीं हैं।
धर्मेंद्र सहित चार युवकों ने चित्रकूट के हनुमान धारा के पहाड़ पर जब इरफान की हत्या की और शव को लेकर लौटने लगे तो उसे पिछली सीट के नीचे रखा गया। जहां पर लोग पैर रखते हैं। पीछे की सीट पर तीन आरोपी थे। इस दौरान एक आरोपी शव को देखकर बार-बार डर रहा था। आरोपी, इरफान के सिर की ओर बैठा हुआ था और बार-बार कह रहा कि शव को जल्द से जल्द गाड़ी से बाहर करो। उसे डरता देख धर्मेंद्र ने उसे दूसरी जगह पर बैठने के लिए कहा।
धर्मेंद्र ही घटना का मास्टर माइंड निकला। निजी कार होने के कारण धर्मेंद्र ने यह तय कर लिया था कि किस रास्ते से होकर जाना और आना है और कहां पर हत्या करनी है और कहां पर शव फेंकना है। हत्या के बाद लौटते समय धर्मेंद्र के एक साथी ने राजापुर पहुंचने पर कहा कि शव को महेवा घाट के पुल से नीचे फेंक देते हैं, तो धर्मेंद्र ने कहा नहीं, यहां पर पानी का बहाव धीमा है। औगासी पुल के नीचे पानी का प्रवाह बहुत तेज है और वहां पर एक जगह पानी बहुत ही गहरा है। शव वहीं फेंका जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें