बहुआ (फतेहपुर)। ललौली के करैहा गांव में बुधवार शाम शौखीलाल निषाद के मकान की कच्ची दीवार भरभराकर ढह गई। बाहर खेल रही शौखीलाल की पुत्री प्रांशी (5) और कमलेश निषाद की पुत्री नैना (6 ) की मलबे में दबने से मौत हो गई। नैना रिश्ते में प्रांशी की बुआ लगती थी।
प्रांशी की मां रामदेवी हादसे से बदहवास दिखी। उसने बताया कि पति शौखीलाल बड़ौदरा में मजदूरी करते हैं। उसका एक बेटा गोलू (7) और दूसरी बेटी लक्ष्मी (9) है। प्रांशी सबसे छोटी बेटी थी।
उधर, नैना के पिता कमलेश भट्ठा मजदूर हैं। कमलेश ने बताया कि हादसे के समय घर के अंदर थे। बेटी बाहर खेल रही थी। ग्रामीणों का शोर सुनकर बाहर आए। उन्हें पहले लगा कि बेटी कहीं और होगी। उसके सामने मिट्टी हटाई गई तो शव बेटी का निकला। उसका कलेजा ही फट गया। नैना की मां ऊषा देवी, भाई दीपांशु (12), बहनों निशा देवी (10), नंदनी (8), काजल(5), अनामिका (3) का हाल बेहाल था।
प्राइमरी विद्यालय में नैना कक्षा एक की छात्रा थी। वहीं प्रांशी आंगनबाड़ी केंद्र में पढ़ने जाती थी। मौके प्रभारी अपर एसडीएम प्रभाकर त्रिपाठी, सीओ अनिल कुमार, नायब तहसीलदार विकास पांडेय और ललौली थानाध्यक्ष आलोक पांडेय पहुंचे। एसडीएम ने बताया कि परिवार को आर्थिक सहायता का लाभ दिलाया जाएगा।
नैना की फाइल फोटो। संवाद- फोटो : FATEHPUR
बच्चियों की मौत के बाद गमगीन बैठीं महिलाएं। संवाद- फोटो : FATEHPUR
मौके पर जांच करते प्रभारी एसडीएम प्रभाकर त्रिपाठी, नायब तहसीलदार विकास पांडेय एवं सीओ अनिल कुमा?- फोटो : FATEHPUR