कायमगंज। सीएचसी के महिला अस्पताल में महिला का सामान्य प्रसव के छह घंटे बाद घर पर हालत बिगड़ गई। परिजन अस्पताल लाए जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। रोते-बिलखते परिजन शव लेकर घर चले गए।
गांव मऊ रशीदाबाद निवासी सत्यपाल की 28 वर्षीय पत्नी पूनम को प्रसव पीड़ा होने पर रविवार सुबह करीब 9:10 बजे सीएचसी के महिला अस्पताल में भर्ती कराया। महिला का बीपी बड़ा हुआ था। अस्पताल की महिला स्वास्थ्य कर्मियों ने बीपी कंट्रोल कर प्रसव कराया। 10:56 बजे पर सामान्य प्रसव हुआ। शाम चार बजे महिला के परिजन उसे घर ले गए। वहीं, प्रसव के बाद 48 घंटे तक अस्पताल में रहना जरूरी है। इसके लिए सरकार भोजन नाश्ता दूध आदि देती है। मगर अस्पताल में प्रसव के बाद प्रसूताएं दिखाई नहीं देती हैं।
बताया गया कि पूनम को परिजन अस्पताल कर्मियों को बिना बताए ही घर ले गए। इसके बाद महिला की हालत बिगड़ गई। परिजन दोबारा अस्पताल लाए तो डॉक्टर अमरेश कुमार ने उसे मृत घोषित कर दिया। यह सुनकर परिजनों में खामोशी छा गई। रोते-बिलखते परिजन शव लेकर घर चले गए। महिला के 3 बच्चे हैं। चौथे बच्चे ने जन्म लिया है।
चिकित्साधीक्षक डॉ शोभित कुमार ने बताया इस मामले में अस्पताल की कोई लापरवाही नहीं है। महिला का बीपी बड़ा हुआ था। इस स्टाफ नर्स ने लोहिया ले जाने की सलाह दी थी। परिजनों की मर्जी पर यहां प्रसव कराया गया। दूसरी शिफ्ट स्टाफ बदलने पर परिजन बिना बताए महिला को घर लेकर चले गए। इसमें परिजनों की लापरवाही है।