फर्रुखाबाद में नवाबगंज व शमसाबाद में चोरी की तीन घटनाओं में वांछित 15 हजार के इनामी को एसओजी ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। तीनों घटनाओं में दस लाख के जेवर व नगदी चोरी में बरामदगी के नाम पर महज 9040 रुपये ही चोर के पास मिले। तलाशी में उसके पास से एक तमंचा व कारतूस भी मिला है। उसका मुकदमा भी दर्ज किया गया।
नवाबगंज थाना क्षेत्र के गांव वीरपुर निवासी दिलीप कुमार ने 27 अक्तूबर 2022 को अज्ञात चोरों के खिलाफ चोरी का मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें आरोप लगाया कि 26 अक्तूबर को भाई कुलदीप, पुत्र प्रवेंद्र विवाह समारोह में गए थे। चोर दोनों के मकान का ताला तोड़कर तीन लाख के जेवर व नगदी चोरी करके ले गए। गांव हुसैनपुर निवासी सुनील कुमार शर्मा के घर से चोर 31 दिसंबर 2022 को चोर घर में घुसकर चार लाख के जेवर व नकदी चोरी करके ले गए थे।
शमसाबाद थाना क्षेत्र में फरवरी 2022 में एक मकान से तीन लाख की चोरी हो गई थी। तीनों चोरी की घटनाओं में जनपद बदायूं थाना दातागंज गांव चंदौखा निवासी रमेश कश्यप उर्फ प्रधान की संलिप्तता सामने आई। दोनों थानों की पुलिस काफी समय से उसकी तलाश कर रही थी। पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा ने रमेश कश्यप पर 15 हजार का इनाम घोषित किया था।
एसओजी प्रभारी अशोक कुुमार व सर्विलांस प्रभारी जगदीश भाटी ने नवाबगंज थाना क्षेत्र से रमेश कश्यप को बुधवार की सुबह गिरफ्तार कर लिया। तलाशी में उसके पास से पुलिस ने एक तमंचा व कारतूस भी बरामद कर लिया। दस लाख की चोरी में पुलिस रमेश से पूछताछ के बाद महज 9040 रुपये ही बरामद कर पाई। ऐसे में पुलिस के खुलासे से पीड़ितों का कोई खुशी नहीं हुई है। पुलिस ने उसके खिलाफ अवैध शस्त्र का मुकदमा दर्ज कर लिया। बुधवार को पकड़े गए इनामी चोर को कोर्ट में पेेश करने के बाद जेल भेज दिया गया।