संवाद न्यूज एजेंसी
फर्रुखाबाद। शमसाबाद ब्लाक क्षेत्र की ग्राम पंचायत कुआंखेड़ा वजीर आलम के प्रधान व ग्रामीणों ने लेखपाल से त्रस्त होकर डीएम से गुहार लगाई। लेखपाल पर रिश्वत लेने और विकास कार्यों में रोड़ा लगाने का आरोप लगाकर कार्रवाई की मांग की।
ग्राम पंचायत कुआंखेड़ा वजीर आलम के प्रधान हरिदत्त शाक्य बुधवार को अहिवरन सिंह, दीपक, नीरज, रामनरेश आदि ग्रामीणों के साथ कलक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने जिलाधिकारी को संबोधित ज्ञापन एडीएम सुभाष चंद्र प्रजापति को सौंपा। इसमें कहा कि वर्ष 1996 में गांव गंगा की बाढ़ में कट गया था। उस दौरान सांसद रहे सच्चिदानंद हरि साक्षी महाराज ने डीएम, एसडीएम व तहसीलदार की सहमति से भूमि देकर 24 जून 1996 को गांव मीरगंज की आधारशिला रखी थी।
तब से वह लोग उसी भूमि पर मकान बनाकर रह रहे हैं। उन लोगों के राशन कार्ड, वोटर कार्ड व अन्य सुविधाएं ग्राम पंचायत कुआंखेड़ा वजीर आलम से मिल रही हैं। प्रधान ने जब स्वच्छता अभियान के तहत नाली, खड़ंजा, कचरा पात्र, सोखपिट आदि का निर्माण शुरू कराया तो लेखपाल ने पुलिस फोर्स ले जाकर रुकवा दिया। निजी मकान बनाने में भी लेखपाल रोक देता है, जो व्यक्ति लेखपाल को रुपये दे देता है, उसका निर्माण हो जाता है।
आए दिन लेखपाल ग्रामीणों को भूमि खाली करने के लिए नोटिस देकर परेशान कर रहा है। इससे ग्रामीण मूलभूत सुविधाओं से वंचित रह जाएंगे। प्रधान व ग्रामीणों ने लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई कर न्याय देने की मांग की। कुंवरपाल, रामशंकर, सर्वेंद्र, सियाराम, हरभान सिंह, शिवराम, भगवान दास, संतोष, दामोदर, अनमोल आदि ग्रामीण मौजूद रहे।