फर्रुखाबाद। जनपद में रविवार को मूसलाधार बारिश होने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। बिजली व्यवस्था भी चरमरा गई। वहीं गली-मोहल्लों में जलभराव होने से लोगों का निकलना दूभर हो गया। खेत में तैयार खड़ी धान व मक्का की फसलें गिरने से नुकसान हुआ है।
दोपहर में अचानक शुरू हुई तेज बारिश से शहर के मोहल्ला लालसराय, मदारवाड़ी, भाऊटोला, पलरिया, तलैया, रस्तोगी, बागकूंचा, स्टेट बैंक गली में जलभराव हो गया। काम-काज के लिए घरों से निकले लोगों को गली में पानी भरा होने से लौटना तक मुश्किल हो गया। मुख्य मार्ग पर भी पानी भरने से राहगीरों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
जनपद में औसतन बारिश 18.16 मिमी रिकार्ड की गई। इसमें तहसील कायमगंज में सर्वाधिक 23.30 मिलीमीटर, अमृतपुर में 19.20 मिलीमीटर व सदर क्षेत्र में सबसे कम 12 मिलीमीटर वर्षा हुई है। बारिश के दौरान शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्र की बिजली व्यवस्था बेपटरी हो गई। ग्रामीण क्षेत्र में कर्मचारी फाल्ट ठीक करने में जुटे रहे। अमृतपुर क्षेत्र के चारों बिजली उपकेंद्र बंद होने से शाम तक इलाके की बिजली गुल रही।
गोभी की फसल जलमग्न, किसान बेचैन
शमसाबाद। कस्बा के मोहल्ला जैटपुरा निवासी इंद्रपाल, महेंद्र पाल, राम रतन, बबलू, पप्पू सहित 12 किसानों की खेतों में गोभी की फसल खड़ी है। तीन दिन से हो रही बारिश से गोभी की फसल जलमग्न हो गई। किसानों ने मेड़ काटकर खेत से पानी निकालने का प्रयास किया, लेकिन पानी का निकासी न होने से फसल बर्बाद हो गई है।
जिला कृषि अधिकारी बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि अब बारिश से धान, बाजरा, मक्का व सब्जी की फसलों में नुकसान है। जिन किसानों ने फसलों का बीमा करा रखा है, उन्हें क्रॉप कटिंग के आधार पर बीमा कंपनी मुआवजा देगी। फसल में 33 प्रतिशत से अधिक नुकसान होने पर सभी किसानों को राजस्व विभाग के आपदा राहत कोष से मुआवजा दिया जाएगा। किसानों को नुकसान के संबंध में जानकारी देने के लिए निर्देशित किया गया है।