फोटो-निकाह में शरीक होने जाते बाराती, सोशल मीडिया
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फर्रुखाबाद। कस्बा कमालगंज के मोहल्ला आजाद नगर निवासी समीर पुत्र शफीक का निकाह ताजमीन पुत्री साजिद रजा से पहले से तय था। इस बीच गंगा का पानी गांव में घुस आया और पंखियन की मड़ैया चारों ओर से पानी में घिर गई। केवल कुछ घर ही सूखी जमीन पर बचे थे। दुल्हन की मां जमीला खातून ने शादी की तैयारियां पहले ही पूरी कर ली थीं। ऐसे में बाढ़ के बावजूद तारीख बदलने का विचार किसी ने नहीं किया। गांव के लोगों ने भी सहयोग का हाथ बढ़ाया। सुबह दो नावें पास के गांव धारा नगरी भेजी गईं, जिनमें नाश्ते का इंतजाम था। करीब 20 किलोमीटर दूर से निकली बरात दोपहर को धारा नगरी पहुंची, जहां बरातियों ने नाश्ता किया। इसके बाद सभी दो नावों में सवार होकर करीब पांच किलोमीटर जलमार्ग तय करते हुए पंखियन की मड़ैया पहुंचे। गांव पहुंचने पर ग्रामीणों ने दूल्हा और बरातियों का स्वागत किया। मौलाना शहरोज खान ने निकाह की रस्म अदा कराई। शाम को विदाई भी नाव से ही हुई। संवाद
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