फर्रुखाबाद। एएनएम ट्रेनिंग सेंटर के लिए करीब 20 लाख से हुई सामान की खरीद में जमकर खेल किया गया। बाजार में 550 रुपये की कुर्सी की कीमत तीन हजार लगाई गई। 800 रुपये वाला गद्दा 1700 रुपये में खरीदा गया। अन्य उपकरणों की खरीद का भी यही हाल है।
फतेहगढ़ सीएचसी परिसर में शासन के निर्देश पर एएनएम ट्रेनिंग सेंटर तैयार किया गया है। सामग्री खरीद के लिए करीब 20 लाख रुपये मिले। 10 अगस्त को सेंटर का शुभारंभ होना है। स्किल लैब में 10.50 लाख से करीब 150 उपकरण खरीदे जाने हैं। 50 एएनएम को ट्रेनिंग देने के लिए कुर्सी व छात्रावास के लिए गद्दे खरीदे गए। सीएमओ कार्यालय के स्टोर से जैम पोर्टल पर फर्म का चयन कर मनमाने दामों पर खरीद के लिए आर्डर दे दिए गए।
अब वह फर्म सामग्री की आपूर्ति कर रही है। लैब व लाइब्रेरी के उपकरण अभी तक भेजे ही नहीं गए। जैम पोर्टल से हुई मनमानी खरीद सीएमओ कार्यालय में चर्चा का विषय बनी है। वहीं, एएनएम सेंटर प्रभारी साधना कटियार ने भी कुर्सी का साइज छोटा होने पर आपत्ति जताई है।
क्या कहते हैं जिम्मेदार
स्टोर प्रभारी एसीएमओ डॉ. सर्वेश यादव ने बताया कि जैम पोर्टल पर फर्म का चयन किया गया था। फर्म द्वारा भेजी गई कुर्सी व गद्दे की गुणवत्ता ठीक न होने से उसे वापस करने के निर्देश दिए हैं। अभी किसी भी सामग्री का भुगतान नहीं किया गया है। दूसरी ओर सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार ने बताया कि उन्होंने सामग्री खरीद की फाइल तलब की है। इसकी जांच कराई जाएगी।
लैपटॉप खरीद की भी होगी जांच
फर्रुखाबाद। स्वास्थ्य विभाग में सामग्री की खरीद मेंखेल करना पुरानी परंपरा है। फरवरी व मार्च में 50 लाख रुपये से 94 लैपटॉप खरीदे गए थे। तीन माह तक डंप रहने के बावजूद उनकी एनआईसी से जांच तक नहीं कराई गई। एक जुलाई को गैर संचारी रोग अभियान शुरू होने से 30 जून को सीएचओ को बांटने की तैयारी थी। अमर उजाला ने इस खेल की पोल खोली तो वितरण रुक गया।
एनआईसी से हुई जांच में लैपटॉप ऑन न होने से नमूने फेल हो गए। आखिरकार लैपटॉप वापस करने पड़े। सीएचओ को लैपटॉप न मिलने से वह अपने मोबाइल से फीडिंग कर रहे हैं। टेलीमेडिसिन सेवा पूरी तरह प्रभावित है।
शासन से धनराशि मिले छह माह बीत जाने के बावजूद लैपटॉप की खरीद नहीं हो सकी है। सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार ने बताया कि लैपटॉप खरीद की जांच कराई जाएगी। दोबारा टेंडर निकालकर शीघ्र ही लैपटॉप की खरीद भी कराई जाएगी।