कमालगंज। टप्पेबाजों के गैंग ने पहले अधिकारी बन हड़काया फिर चालक को बीयर और समोसा लेने भेज दिया। जब तक चालक लौटे, तो न तो ई-रिक्शा मिला और न ही सामान मंगवाने वाले। पीड़ितों ने थाना पुलिस को तहरीर दी। कमालगंज में लगे सीसीटीवी कैमरे शोपीस नजर आए।
शहर के मोहल्ला हाता शफी खां निवासी मोहम्मद अतीक किराये पर ई-रिक्शा चलाते हैं। वह गुरुवार दोपहर दो बजे रेलवे स्टेशन के पास पहुंचे। वहां खड़े एक युवक ने अधिकारी बनकर कागज दिखाने को कहा। नंबर प्लेट को लेकर हड़काया। ई-रिक्शा किनारे खड़ा करवा दिया। उसने 200 रुपये देकर दूसरे रिक्शे से रेलवे रोड की दुकान से बीयर लाने के लिए भेज दिया। कुछ देर बाद जब वह वापस लौटा, तो ई-रिक्शा और टप्पेबाज गायब था। पीड़ित ने पुलिस को तहरीर दे दी है।
कमालगंज प्रतिनिधि के अनुसार थाना क्षेत्र के गांव गंगाइच निवासी अब्दुल रहमान ई-रिक्शा चलाकर परिवार पालते हैं। गुरुवार शाम चार बजे ई-रिक्शा लेकर सवारियों के इंतजार में रेलवे स्टेशन के बाहर खड़ा था। तभी एक अज्ञात व्यक्ति ने कहा कि तिराहे पर स्थित समोसे की दुकान पर ले चलो। अब्दुल उसे तिराहे पर ले गया और रिक्शा किनारे खड़ा कर दिया। युवक ने 100 रुपये देकर चालक से कहा कि सामने दुकान से समोसे ले आओ। चालक समोसा लेने चला गया। कुछ देर में अब्दुल समोसा लेकर लौटा, तो ई-रिक्शा सहित युवक गायब था। सूचना पर पहुंची पुलिस तलाश में जुटी रही। नगर में लाखों की लागत से लगाए गए सीसीटीवी कैमरे शोपीश बने दिखे। रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा कर्मी भी तैनात रहते हैं।