फर्रुखाबाद। राज्य सड़क परिवहन निगम के इटावा क्षेत्रीय कार्यालय ने अग्निवीर सेना भर्ती में युवाओं की सहूलियत के लिए 55 बसें रिजर्व में रखने के लिए भेजी थीं। तीसरे दिन भी इन बसों के लिए सवारियां उपलब्ध नहीं हो सकीं। लिहाजा इनमें से करीब 20 बसें अन्य रूटों पर भेजकर आमदनी बढ़ाने का प्रयास किया गया।
क्षेत्रीय कार्यालय ने फर्रुखाबाद डिपो को 19 अगस्त को 55 बसें मुहैया करवा दी थीं। तीसरे दिन रविवार को भर्ती देखने आए बरेली के युवाओं को वहां की बसें पर्याप्त संख्या में उपलब्ध हो गईं। लिहाजा रिजर्व में रखी गईं बसें खाली बनी रहीं।
रिजर्व सवारियां न होने एआरएम आरसी यादव ने खड़ीं बसों में करीब 20 को दिल्ली, आगरा, इटावा, औरैया, कानपुर आदि के लिए सामान्य सवारियां भरवाकर रवाना किया गया। एआरएम ने बताया कि यदि अग्निवीर भर्ती के युवा नहीं मिलेंगे, तो बसों को रूटों पर चलाया जाएगा।
बेवर एआरएम, बरेली के अफसर भी मुस्तैद
रोडवेज बस स्टैंड पर किसी तरह की अव्यवस्था से निपटने के लिए उच्चाधिकारियों ने रविवार को बेवर के एआरएम सुरेश चंद्र शंखवार की ड्यूटी लगा दी। इसके अलावा बरेली के टीएस लक्ष्य सिंह भी दिन भर मुस्तैद रहे। यह अधिकारी दोपहर तक आने वाली अग्निवीर सेना भर्ती के अभ्यर्थियों को बसों में बैठाने में सहयोग करते रहे।
रात में टेंपो चालक करते दोगुनी वसूली
रविवार को बरेली जिले की भर्ती हुई। इसमें शनिवार रात शामिल होने आए बरेली के सोहना गांव निवासी तेजपाल ने बताया कि रात में रोडवेज बस स्टैंड से फतेहगढ़ तक के लिए 25 रुपये तक लिए गए। जबकि किराया 15 रुपये बताया गया।