फर्रुखाबाद। प्रमुख सचिव परिवहन ने अधिकारियों को सड़क सुरक्षा व मुख्यमंत्री के निर्देशों का पाठ पढ़ाया। लेकिन जमीनी हकीकत जानने की कोशिश नहीं की। फाइलों में मानक पूर्ण कार्य देखकर अधिकारियों के काम करने की गुणवत्ता परख कर चले गए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अभ्युदय योजना को जांचने प्रमुख सचिव परिवहन एल वेंकटेश्वर लू शनिवार को लोक निर्माण विभाग के गेस्ट हाउस में पहुंचे। वहां अधिकारियों के साथ मंत्रणा करने के बाद कलेक्ट्रेट में बैठक की। एआरटीओ बृजेंद्र चौधरी, एआरटीओ सुभाष चंद्र राजपूत ने अब तक की गई कार्रवाई के बारे में प्रमुख सचिव को अवगत कराया। इसके साथ सड़क सुरक्षा को लेकर की गई तीन बैठकों के बारे में जानकारी दी।
प्रमुख सचिव ने अधिकारियों को बताया कि स्कूल कॉलेजों में छात्र-छात्राओं के साथ बैठक कर सुड़क सुरक्षा व लापरवाही को लेकर उनको जागरूक किया जाए। समाज के हर वर्ग को जागरूक करने की आवश्यकता है। जहां पर फुटपाथ सही नहीं बना है, उनको सही कराए। अक्सर दुर्घटना इस वजह से भी होती है। शहर में पार्किंग की व्यवस्था करनी होगी। टेंपो की संख्या अधिक हो गई है। उनका रूट निर्धारण किया जाए। निर्धारित रूट के लिए ही परमिट जारी किया जाए। ठेले सड़कों के किनारे पर कहां खड़े हो इसकी व्यवस्था भी प्रशासन व पुलिस को करनी होगी। किसी भी मार्ग पर चलने वाले वाहन को एकाएक बंद नहीं किया सकता। ऐसे में लोगों को परेशानी होगी।
अवैध टेंपो स्टैंड बंद कर दिए गए हैं। डग्गामार बस कहां खड़ी हों, उसकी भी व्यवस्था होनी चाहिए। प्रशासन ने पांच बसों का रोडवेज बस स्टैंड के पास खड़े होने पर सीज किया है। व्यवस्था में और सुधार की आवश्यकता है। इस संबंध में डीएम संजय कुमार सिंह व एसपी को दिशा निर्देश दिए है। बैठक में फाइलों में आंकड़े देखकर ही प्रमुख सचिव प्रसन्न हो गए। जबकि जमीनी हकीकत कुछ और ही है। इस दौरान सीडीओ अरविंद मिश्रा, अपर जिलाधिकारी सुभाष चंद्र प्रजापति आदि अधिकारी मौजूद रहे।