फर्रुखाबाद के कायमगंज से हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां बाढ़ से घिरे गांव का ट्रांसफार्मर खोलकर दूसरे गांव के लोग नाव से ले गए। बिजली गुल होने पर जबरन ट्रांसफार्मर उठा ले जाने की यह पहली घटना है।
फर्रुखाबाद के कायमगंज में बाढ़ से घिरे गांव का ट्रांसफार्मर जबरन खोलकर दूसरे गांव के लोग नाव से उठा ले गए। इस ट्रांसफार्मर को शाहजहांपुर की लाइन से जोड़कर गांव में बिजली चालू करने की योजना थी। बिजली गुल होने पर जबरन ट्रांसफार्मर उठा ले जाने की यह पहली घटना है।
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जानकारी पर जेई ने छह ग्रामीणों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। कटरी क्षेत्र के कुछ गांवों में अमृतपुर बिजली उपकेंद्र से बिजली आपूर्ति की जाती है। इन दिनों गंगा में आई बाढ़ के पानी से गांव घिरे हुए हैं। गांव नगरिया बसोला में लगा ट्रांसफार्मर फुंक गया था। इसे शिकायत के बावजूद नहीं बदला गया।
बिजली कर्मियों की हीलाहवाली देखते हुए बुधवार रात नगरिया बसोला के ग्रामीण बाढ़ से घिरे पड़ोसी गांव मुंशी नगला (बल्लू बेहटा की मड़ैया) नाव से पहुंचे। बाढ़ की वजह से गांव की बिजली पहले से ही कटी थी। ग्रामीणों ने वहां लगा 25 केवी का ट्रांसफार्मर खोल लिया।
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ट्रांसफार्मर खोलते देख मुंशी नगला के ग्रामीणों ने विरोध किया, लेकिन वह नहीं माने और ट्रांसफार्मर को नाव में रखकर अपने गांव ले गए। प्रधान ने इसकी सूचना जेई को दी। जेई होरीलाल वर्मा ने नगरिया बसोला निवासी जितेंद्र, दल सिंह, शिवराम, मौजीलाल, रामरहीस व एक अज्ञात के खिलाफ ट्रांसफार्मर चोरी का मुकदमा कायमगंज कोतवाली में दर्ज कराया।
अवर अभियंता ने बताया कि बाढ़ की वजह से दोनों गांव की बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई थी। इसके बावजूद नगरिया बसोला के ग्रामीणों ने अमृतपुर क्षेत्र के गांव कुम्हरौर से केबल डालकर आपूर्ति चालू कर ली थी। अब कुम्हरौर से भी बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई है।
जेई ने बताया कि पता चला है कि ग्रामीणों की शाहजहांपुर की लाइन से जोड़कर गांव में बिजली आपूर्ति चालू करने की योजना थी। ट्रांसफार्मर चोरी के साथ ही गैरकानूनी तरीके से शाहजहांपुर की लाइन जोड़ने के मामले की भी जांच की जाएगी।