फर्रुखाबाद। फतेहगढ़ के एल-2 अस्पताल के आईसीयू वार्ड में ऑक्सीजन सुविधा न देख संयुक्त निदेशक स्वास्थ्य ने नाराजगी जताई। ऑक्सीजन प्लांट की क्षमता कम देख उन्होंने दूसरा प्लांट लगवाने के लिए मांगपत्र भेजने के निर्देश दिए हैं।
जिले में बढ़ते कोरोना संक्रम को देखते हुए अस्पतालों में की गई तैयारियां परखी गईं। एल-2 अस्पताल फतेहगढ़ में संयुक्त निदेशक, स्वास्थ्य डॉ. सरोजबाला ने मॉकड्रिल कराया।
इसके बाद जेडी ने अस्पताल में पांच बेड का आईसीयू वार्ड देखा। मशीनें चालू कराईं। मशीन में लगे कांबो बैग फटे होने व वार्ड में ऑक्सीजन सप्लाई के लिए पाइप लाइन न डाले जाने पर नाराजगी जताई। सीएमओ को पाइप लाइन डलवाने के निर्देश दिए। 75 बेड के अस्पताल में 113 एलएमपी का ऑक्सीजन प्लांट लगा होने पर जेडी ने कहा कि प्लांट काफी कम क्षमता का है। इतनी ही क्षमता का एक और प्लांट लगवाने के लिए मांगपत्र भेजें।
उन्होंने 11 बेड के मंकीपॉक्स वार्ड का भी निरीक्षण किया। बेड पर धूल के साथ चादर भी नहीं बिछी थीं।
सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार, डॉ. दीपक कटारिया, फार्मासिस्ट पुनीत मिश्रा, विकास आदि मौजूद रहे।
जनरेटर की समस्या आई सामने
मोहम्मदाबाद सीएचसी पर एसीएमओ डॉ. हनी मल्होत्रा ने मॉकड्रिल कराया। वहां 300 एलएमपी क्षमता का प्लांट जनरेटर से नहीं चल सका। वहीं सीएचसी राजेपुर में डिप्टी सीएमओ डॉ. प्रभात वर्मा ने वहां पहुंचकर मॉकड्रिल कराया। यहां एक वर्ष पूर्व 113 एलएमपी का ऑक्सीजन प्लांट लगाया गया था। उसे चलाने के लिए अभी तक जनरेटर की खरीद नहीं की जा सकी।