संवाद न्यूज एजेंसी
फर्रुखाबाद। गैरइरादतन हत्या में दोषी पति को विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट राकेश कुमार ने साढ़े आठ वर्ष की सजा सुनाई। दोषी को पचास हजार रुपये जुर्माना जमा करने के आदेश दिए। जुर्माना नहीं देने पर एक वर्ष की अतिरिक्त सजा का प्रावधान किया।
नवाबगंज थाना क्षेत्र के गांव राजा का रामपुर मेई निवासी मधू ने अमृतपुर थाना क्षेत्र के गांव मुजहा निवासी रामू, दयानंद, कालू उर्फ राजीव के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। इसमें आरोप लगाया कि वर्ष 2014 में बुआ तरसना की शादी रामू से की गई थी। शादी के कुछ वर्ष बाद ही ससुरालीजन दहेज में बाइक व नगदी की मांग नहीं पूरी होने पर 20 फरवरी 2015 को तरसना की मारपीट कर हत्या कर दी थी। आरोपी दयानंद व कालू उर्फ राजीव को साक्ष्य व गवाह नहीं होने के अभाव में दोषमुक्त कर दिया था। सोमवार को न्यायाधीश ने दोषी पति रामू को गैर इरादतन हत्या में साढ़े आठ वर्ष की सजा व पचास हजार रुपये अर्थदंड जमा करने के आदेश दिए। अर्थदंड जमा नहीं करने पर एक वर्ष अतिरिक्त सजा के भी आदेश दिए हैं।