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Farrukhabad News: गंगा खतरे के निशान से 15 सेंमी ऊपर, कांशीराम कालोनी में भरा पानी

Sat, 22 Jul 2023 12:20 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
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फर्रूखाबाद/अमृतपुर। गंगा और रामगंगा में लगातार बांधों से पानी छोड़े जाने के कारण स्थितियां विकराल हो चलीं हैं। शहर से सटी कांशीराम कालोनी में तीन-तीन फीट पानी बह रहा है। कई लोग मकानों में ताले डालकर रिश्तेदारों के यहां चले गए हैं। गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से 15 सेंटीमीटर ऊपर बह रहा है। अधिकारियों ने बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों का दौरान कर मातहतों को जरूरी संसाधन जुटाने के निर्देश दिए। शमसाबाद और राजेपुर बिजली घरों में पानी भरने के कारण दोनों ब्लाकों के लगभग 200 गांवों की बिजली बंद कर दी गई है। बाढ़ में फंसे लोगों के पास धीरे-धीरे खाद्य सामग्री भी समाप्त हो चली है।
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शुक्रवार को गंगा जलस्तर 137,25 मीटर पर पहुंच गया। गांवों की ओर जाने वाले पानी का बहाव तेज है। नरौरा बांध से गंगा में 2.2578 क्यूसेक पानी छोड़े जाने से लगातार स्थिति बिगड़ती जा रही है। गंगा में आई बाढ़ से अमृतपुर क्षेत्र के करीब 80 से अधिक गांव प्रभावित हो चुके हैं। करीब 3 हजार से अधिक घरों व झोपड़ियों में पानी भर जाने से ग्रामीणों को भोजन बनाने में परेशानी हो रही है। जिन के पक्के मकान बने हैं, वह लोग छतों पर रहने को मजबूर हैं। बदायूं मार्ग पर चित्रकूट के रास्ते पर जलस्तर बढ़ने से रास्ता बंद हो गया है। यहां से बड़े वाहन ही निकल पा रहे हैं। राजेपुर तिराहा के पास डेढ़ फिट पानी चलने से वाहन चालकों को परेशानी होने लगी है। ग्रामीणों का कहना है कि इसी तरह पानी बढ़ता रहा तो फर्रुखाबाद का जाने वाला रास्ता बंद हो जायेगा। गंगा के बाढ़ का पानी गांव अलीगढ़ के पास बनी पुलिया से निकल कर रामगंगा में पहुंचे लगा है। ग्रामीणों की माने तो खाद्य सामग्री भी खत्म होने लगी है। जिसके कारण दो वक्त का भोजन भी नहीं मिल पा रहा है।
बिजलीघरों में जलभराव, 200 गांवों की बिजली बंद
अमृतपुर/शमसाबाद। गंगा में आई बाढ़ से राजेपुर और शमसाबाद के बिजलीघरों में जलभराव हो गया है। अनहोनी से बचने के लिए करीब 200 गांवों की बिजली बंद कर दी गई। अब बाढ़ पीड़ितों को अंधेरे में रात गुजारने पर मजबूर होना पड़ेगा।
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राजेपुर ब्लॉक में गंगा में आई बाढ़ से करीब 80 गांव से अधिक प्रभावित हो चुके है। बिजली विभाग ने गांव माखन नगला, रामप्रसाद नगला, कालिका नगला, बलीपट्टी, रम्महौआ, आसमपुर, कलेक्टरगंज, तौफीक की मड़ैया, ताजपुर, आसमपुर, कुबेरपुर, कुबेरपुर की मड़ैया, रतनपुर, कुसुमापुर, कुतलूपुर, भाऊपुर चौरासी, दौलतपुर चकई, हरिहरपुर, वीरपुर, अलीगढ़, कड़क्का, इमादपुर पमारान, वीरपुर की मड़ैया, हमीरपुर सोमवंशी, गाजीपुर, गाजीपुर की मड़ैया, चैन, खानपुर, बरुआ, चित्रकूट, अंबरपुर, गांधी, महदपुर, महदपुर गड़िया, जमापुर, गोटिया, गोटिया पूर्वी, आशा की मड़ैया,उदयपुर जोगराजपुर, सबलपुर, रामपुर, कंचनपुर, जगतपुर, नगरिया जवाहर, लायकपुर, अंबरपुर की मड़ैया, बमियारी, इमादपुर सोमवंशी, भुड़िया भेड़ा, तीसराम की मड़ैया दक्षिणी गुटैटी, चौराहार, शरिफपुर छीछनी, रोशन नगला , झम्मन नगला, किराचन ,गढ़ैया ,सुभानपुर ,लीलापुर की मड़ैया ,का जटपुरा, पंचम नगला, धनी नगला, निगम नगला, नगला खुशाली, मंझा सहित करीब 80 गांव की बिजली बंद कर दी है। बिजली बंद हो जाने से ग्रामीण अंधेरे में रात गुजारने को मजबूर हैं। ग्रामीणों का कहना है कि रात में रोशनी के लिए अब कोई साधन नहीं है। बिजली आने पर बैट्री चार्ज कर रोशनी कर लेते थे। लेकिन अब वह भी नहीं हो पा रहा है। वहीं शमसाबाद ब्लॉक के गांव हुसैनपुर तराई में बना विद्युत उप केंद्र बाढ़ के पानी से घिर गया है। बिजली विभाग के अधिकारियों ने अनहोनी से बचने के लिए सुबह 6 उपकेंद्र के चारों फीडरों की आपूर्ति बंद कर दी गई। इससे क्षेत्र के 125 गांवों विद्युत आपूर्ति ठप हो गई है। एसएसओ शिवम कुमार ने बताया जेई जुनेद आलम के निर्देश पर बिली आपूर्ति बंद की गई है। एचटी लाइन की केबल व डीपी पानी में डूब गई है।
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