फर्रुखाबाद। सीएमओ कार्यालय परिसर स्थित दिव्यांग बोर्ड की बिजली गुल होने से डॉक्टर ने बाहर बाइक पर बैठकर दिव्यांगों का परीक्षण किया। चर्चा होने पर डॉक्टरों का पैनल दूसरे कक्ष में बैठा।
दिव्यांग बोर्ड में जब डॉक्टरों का पैनल पूरा हुआ तो भवन ही धोखा दे गया। दिव्यांग बोर्ड के कक्ष में फाॅल सीलिंग उखड़ गई और बिजली फिटिंग भी खराब हो गई। सोमवार सुबह सीएमओ कार्यालय परिसर में प्रमाणपत्र बनवाने आए दिव्यांगों की भीड़ लगी थी। इसी बीच हड्डी रोग विशेषज्ञ डाॅ.ऋषिकांत वर्मा, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ.मेघा सक्सेना व ईएनटी सर्जन डॉ.नवनीत दिव्यांग बोर्ड पहुंचे। कुछ देर ही कक्ष में बैठकर दिव्यांगों का परीक्षण किया। बिजली न होने से पंखा भी बंद हो गया। इससे वह गर्मी से परेशान हो गए।
ईएनटी सर्जन तो परिसर में खड़ी बाइक पर ही बैठकर दिव्यांगों का परीक्षण करने लगे। यह देख तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। इस पर कर्मचारियों ने ईएनटी सर्जन सहित तीनों डॉक्टरों के पैनल को पास में ही एसी लगे कक्ष में बैठाया। इसी के बाद दिव्यांगों का परीक्षण कर रिपोर्ट लगाई। हड्डी रोग के 48, नेत्र रोग के 12 व ईएनटी के 11 सहित कुल 71 दिव्यांगों का परीक्षण कर डॉक्टरों ने रिपोर्ट लगाई। कर्मचारियों ने बताया कि दिव्यांग बोर्ड के कक्ष की मरम्मत व बिजली फिटिंग के संबंध में सीएमओ ने शीघ्र ही व्यवस्था ठीक कराने का आश्वासन दिया है।