मेरापुर थाना क्षेत्र के गांव नगला बीरबल निवासी गर्भवती महिला की मंगलवार
देर रात पेट में गोली लगने से मौत हो गई। ससुरालीजन उसे देर रात सीएचसी
लेकर आए थे। सुबह एसडीएम ने शव का पंचनामा भर कर पोस्टमार्टम के लिए भेज
दिया था। मृतका के परिजनों ने ससुरालीजनों पर दहेज के लिए हत्या किए जाने
का आरोप लगाया। शाम तक इस मामले में कोई तहरीर नहीं दी गई थी।
मेरापुर
थानाक्षेत्र के गंाव नगला बीरबल निवासी छविकिशन यादव की पत्नी कामिनी को
मंगलवार देर रात परिवारीजन पेट में गोली लगने पर सीएचसी लेकर आए। यहां डा.
श्रीप्रकाश ने उसे मृत घोषित कर दिया था। मृतका की जेठानी ने बताया था कि
छविकिशन और कामिनी में किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। इस पर उसने तमंचे
से खुद को गोली मार ली। घटना की सूचना पाकर पहुंचे उपनिरीक्षक एमपी सिंह
ने शव के पास से तमंचा बरामद कर लिया था। सूचना मिलने पर नवाबगंज
थानाक्षेत्र के गांव मिल्क सुल्तान निवासी मृतका की मां चंद्रा, भाई आदेश
आदि सीएचसी पहुंच गए। इन्हाेंने ससुरालीजनों पर
दहेज के लिए गोली मारकर
हत्या करने का आरोप लगाया। आदेश ने बताया कि कामिनी की शादी 19 जून 2014 को
छविकिशन के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही ससुरालीजन उसे दहेज के लिए
प्रताड़ित किया करते थे। एसडीएम बीडी वर्मा ने शव का पंचनामा भरकर
पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। थानाध्यक्ष सालिगराम वर्मा ने बताया कि पति
की सूचना के आधार पर ही शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। उन्होंने
बताया कि परिजनों की ओर से कोई तहरीर नहीं दी गई है।