कानपुर में हरबंस मोहाल थाने में तैनात फालोअर नीरज यादव ने बुधवार को यहां अपने गांव पदम नगला में फांसी लगा ली। घर पर मचे मातम के बीच छोटे भाई ने बताया कि नीरज विभागीय कार्यों से तनाव में था। उधर कानपुर के एसएसपी अनंतदेव ने कहा कि फालोअर ने व्यक्तिगत कारणों जान दी है। वह 8 नवंबर से ड्यूटी से गैरहाजिर चल रहा था।
पदम नगला गांव कोतवाली क्षेत्र में पड़ता है। नीरज यादव (32) पुत्र शेर सिंह को वर्ष 2008 मृतक आश्रित के रूप में पुलिस विभाग में नियुक्ति मिली थी। वह इन दिनों कानपुर के हरबंस मोहाल थाने में तैनात था। मंगलवार को गांव आया तो घर वाले बेहद खुश हुए। रात हंसी-खुशी से बीती। बुधवार की सुबह नीरज ने छोटे भाई पंकज के साथ नाश्ता किया। इसके बाद पंकज कालेज चला गया और नीरज पत्नी सोनी से खाना बनाने की बात कहकर छत पर चला गया। वहीं पर सोनी उसे खाना दे गई। करीब दस बजे वह बर्तन लेने छत पर पहुंची।
वहां कमरे में पंखे से दुपट्टे से पति को लटका देख उसकी चीख निकल गई। शोर सुनकर परिजन व पड़ोसी भी आ गए। परिजनों ने शव को फंदे से उतारा और पुलिस को सूचना दी गई। कंपिल की यूपी 100 पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच की। नीरज के छोटे भाई पंकज यादव ने बताया कि बड़े भाई तनाव में रहते थे। अक्सर वह घर में इसका जिक्र भी करते थे। इसके चलते ही उन्होंने शराब पीनी शुरू कर दी थी। तब से परिवार में कम बात करने लगे थे।