सिपाही को गोली मारने में पुलिस ने कच्ची शराब के तीन कारोबारियों के खिलाफ
रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पुलिस ने आरोपियों की तलाश में पीएसी के साथ
छापेमारी भी की। सिपाही को शनिवार की देर रात वाहन चेकिंग के दौरान बाइक
सवार हमलावरों ने गोली मार दी थी। सिपाही अस्पताल में भर्ती है।
थाना
मेरापुर की चौकी अचरा के प्रभारी मुकेश कुमार शनिवार की रात नौगांव के पास
वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। कुछ दूरी पर तीन संदिग्ध युवकों को एक बाइक
पर सवार देख सिपाही विनोद यादव इनके पास पहुंचा। इस पर बाइक सवार भाग खड़े
हुए। ये हड़बड़ाहट में मक्का के खेत में बाइक सहित घुस गए। बाइक फिसलने से
यह खेत में गिर गए। विनोद
पीछा करते हुए खेत में पहुंचा तो बदमाशों ने
तमंचे से फायर कर दिया। गोली सिपाही के सीधे पैर में घुटने के ऊपर लगी।
फायर की आवाज सुनकर सिपाही छोटेलाल और सुरेश यादव भी आ गए। तबतक बदमाश
बाइक छोड़ कर भाग चुके थे। सिपाहियों ने घायल विनोद को सीएचसी कायमगंज में
भर्ती कराया। यहां से लोहिया रेफर कर दिया गया। सिपाही पर हमले
की सूचना पर
इंस्पेक्टर केबी सिंह ने पीएसी बल के साथ जिले के गांव नौगांव और एटा जिले
के गांव सिनोड़िया में छापेमारी की लेकिन कोई भी नहीं मिला। चौकी प्रभारी
मुकेश कुमार ने नौगांव निवासी सुरेंद्र कुमार और आशीष कुमार तथा गांव
सिनोड़िया निवासी छोटू उर्फ छोटे यादव के खिलाफ जानलेवा हमले की रिपोर्ट
दर्ज कराई है।
कच्ची शराब के कारोबार को लेकर वारदात
जिला एटा थाना अलीगंज के गांव सिनोड़िया और टपुआ में कच्ची शराब का
कारोबार होता है। यहां के लोग मेरापुर और नवाबगंज में आकर शराब बेचते हैं।
कुछ समय पहले पुलिस दो कारोबारियों को पकड़ कर जेल भेज चुकी है। इसी को
लेकर घटना होना बताया जा रहा है। अचरा चौकी पुलिस ने कुछ दिन पहले ही कच्ची
शराब लेकर मेरापुर इलाके में बेचने आ रहे
अलीगंज के गांव सिनोड़िया निवासी
कालू यादव को दबोच लिया था। इससे तमंचे भी बरामद हुए थे। आरोप है कि
सिनोड़िया और टपुआ के लोग नवाबगंज इलाके के कई गांवों में कच्ची शराब के
पाउच बेचते हैं। 200 एमएल का पाउच 20 रुपये में बिकता है। मेरापुर थाना के
नौगंाव में रविवार और बुधवार को बाजार लगाता है। इस दौरान कारोबारी बड़ी
तादाद में पाउचों की आपूर्ति करते हैं। कारोबारी बाइकों और घोड़ों पर लादकर
माल लाते हैं। कालू यादव के पकड़े जाने के बाद उसके भाई छोटू उर्फ छोटे
ने इस धंधे को चालू कर दिया। शनिवार की रात भी वह लोग कच्ची शराब बेचने आ
रहे थे। इस बीच पुलिस चेकिंग देखकर वह भाग खड़े हुए। सिपाही ने पीछा किया
तो उसे गोली मार दी। बता दें कि मेरापुर पुलिस की छापेमारी में शराब
कारोबारी हाथापाई भी कर चुके हैं।