चार दिन पहले एक कंपनी के सिम विक्रेता के लापता होने पर परिजनों ने अपहरण की आशंका जताई थी। पुलिस की जांच में अपहरण की कहानी झूठी निकली है। पुलिस ने पूछताछ के लिए लाए गए युवती के पिता को छोड़ दिया गया। युवती की मां का कहना था कि युवक ने उन्हें मुकदमे में फंसाने के लिए अपहरण की कहानी रची है।
नगर के मोहल्ला चिलाका निवासी सिम विक्रेता रिषभ उर्फ राजा मंगलवार को कंपिल गया था। उसके बाद वह लापता हो गया था। अगले दिन उसकी बाइक बाईपास रोड पर खड़ी मिली थी। उसका एक युवती से प्रेम प्रसंग चल रहा था। इस पर उसके पिता से विवाद हो गया था।
लापता राजा के परिजनों ने रंजिश का हवाला देते हुए अपहरण कर हत्या की आशंका जताई थी और पुलिस पर मुकदमा लिखाने का दबाव बनाया था। शुक्रवार को लापता राजा अलीगंज रोड पर परिजनों को बेहोशी हालत में मिला था। उसे सीएचसी में भर्ती कराया गया था।
राजा नशीले पदार्थ के सेवन से बेहोश था। उसे लोहिया अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया था। पुलिस के मुताबिक राजा निजी अस्पताल में इलाज के बाद अपनी ननिहाल चला गया है। इधर पूछताछ के लिए कोतवाली लाए गए व्यक्ति की पत्नी कोतवाली पहुंची।
उनका कहना था कि लापता युवक वापस आ गया है। उन्हें फंसाने के लिए फर्जी कहानी रची थी। यदि वह भी पहले रिपोर्ट लिखा देती तो यह कहानी नहीं बनती। पुलिस ने कोतवाली लाए गए व्यक्ति को छोड़ दिया है।
चौकी प्रभारी अजीत शर्मा ने बताया कि अपहरण की फर्जी कहानी बनाई गई। युवक स्वस्थ है। पूछताछ के लिए लाए गए व्यक्ति को उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है।
झूठी निकली सिम विक्रेता के अपहरण की कहानी
पुलिस ने युवती के पिता को छोड़ा