फर्रुखाबाद। महाराष्ट्र के युवक से फर्जी ट्रांसपोर्टर बनकर साइबर ठगी करने वाले एक युवक को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। साइबर थाने में पकड़े गए युवक सहित छह लोगों के खिलाफ साइबर क्राइम की रिपोर्ट दर्ज की है।
पांच दिन पहले राज्य महाराष्ट्र के निवासी मनोज भड़गले ने जस्ट डायल पर ट्रांसपोर्ट के संबंध में जानकारी की। अमृतपुर थाना क्षेत्र के गांव नगला हूसा निवासी आशीष ने जस्ट डायल में फर्जी प्रपत्र से ट्रांसपोर्ट का नाम दर्ज करा रखा है। आशीष व उसके साथियों ने मनोज भड़गले को बताया कि वह ट्रांसपोर्ट से बोल रहा है। बताए गए स्थान पर पिकअप व अन्य गाड़ी भेजने की बात कहकर क्यूआर कोड व यूपीआई द्वारा मनोज से बताए गए खाते में रुपये ट्रांसफर करा कर ठगी कर ली गई।
इस संबंध में साइबर थाने में संबंधित नंबर के संबंध में महाराष्ट्र से ईमेल की गई।
जानकारी होने पर साइबर थाने के इंस्पेक्टर राजीव कुमार ने जांच करने के निर्देश दिए। इंस्पेक्टर राघवेंद्र तिवारी, दरोगा सुबोध यादव, दीवान अरविंद यादव, विपिन राठी, कौटिल्य, अंकित आर्य ने गांव नगला हूसा में दबिश देकर आशीष को पकड़ लिया।
पूछताछ में आशीष ने बताया कि वह फर्जी ट्रांसपोर्ट खोलकर, जीएसटी व बिल बाउचर फर्जी तैयार किए।
गांव के सचिन सिंह, आकाश यादव, प्रदीप शर्मा, मोहित यादव, पवनीश यादव व गोविंद के साथ मिलकर साइबर ठगी की घटनाओं को अंजाम देते है। गोविंद फर्जी सिम व बैंक खाते उपलब्ध कराता था। इसके बदले में खाते में आई धनराशि का 25 फीसदी हिस्सा काटकर बाकी रुपये वापस कर देता था। पुलिस ने अशाीष के पास से 5340 रुपये बरामद किए। पूछने पर आशीष ने बताया कि पांच दिन पहले महाराष्ट्र के मनोज भड़गले को फर्जी ट्रांसपोर्टर बताकर रुपये ठगे थे। वही रुपये उसके हिस्से के हैं।
साइबर थाने में आशीष सहित सभी छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने आशीष को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया।