फर्रुखाबाद (नवाबगंज)। एसीएमओ ने गुरुवार को नवाबगंज सीएचसी का निरीक्षण किया तो बदहाली की पोल खुल गई। मरीजों ने बाहर से दवा लिखे जाने की शिकायत की। वहीं स्टॉक चेक करने पर पैरासीटामॉल के 350 इंजेक्शन कम मिले। इससे कालाबाजारी की भी आशंका जताई जा रही है।
जनपद में स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल होने के साथ दवाई में भी बड़े स्तर पर खेल चल रहा है। सांसद मुकेश राजपूत ने सीएचसी बरौन में दो दिन पहले एक्सपायरी दवाओं का जखीरा पकड़ा तो विभाग भी सक्रिय हो गया। गुरुवार को एसीएमओ डॉ.दलवीर सिंह ने नवाबगंज सीएचसी का निरीक्षण किया। ओपीडी में अधीक्षक के साथ फार्मासिस्ट भी मरीजों को दवा लिखते मिले। यह देख एसीएमओ ने फार्मासिस्ट को जमकर हड़काया। उन्होंने उपस्थिति रजिस्टर देखा तो डॉ.गौरव राजपूत व डॉ.वशिष्ठ कटियार अनुपस्थित थे।
सीएचसी में काम कर रहीं चार एएनएम के ड्यूटी रजिस्टर पर हस्ताक्षर न होने से उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया। वार्ड आया लक्ष्मी दुबे के हस्ताक्षर होने के बावजूद वह मौजूद नहीं थीं। इस पर एसीएमओ ने नोटिस जारी किया। प्रसव कक्ष के एएनम कक्ष में शौचालय न होने पर एसीएमओ ने नाराजगी जताई और शौचालय की व्यवस्था करने के निर्देश दिए।
वार्ड में भर्ती आठ मरीजों के तीमारदारों से एसीएमओ ने बात की तो उन्होंने शिकायत की कि फार्मासिस्ट बाहर से दवा लिखते हैं, जिन्हें वह लोग खरीदकर लाए हैं। एसीएमओ ने फार्मासिस्ट राजीव यादव की जमकर फटकार लगाई। कहा कि किसी भी दशा में बाहर से दवा न लिखी जाए। भर्ती मरीजों की रजिस्टर में इंट्री की जाए। हवा में कोई काम न हो। एसीएमओ ने दवा स्टोर देखा।
स्टॉक में पैरासिटामोल के 350 इंजेक्शन कम मिले। इस पर कालाबाजारी की आशंका जताते हुए एसीएमओ ने फार्मासिस्ट को नोटिस देकर स्पष्टीकरण तलब कर लिया। प्रसव कक्ष में कुत्ता घूमता दिखने पर कर्मचारियों को जमकर हड़काया।
एसीएमओ डॉ.दलवीर सिंह ने बताया कि स्टॉक में पैरासीटामॉल 350 इंजेक्शन कम मिले। मरीजों ने बाहर से दवाएं लिखी जाने की शिकायत की। अन्य भी कई लापरवाही के मामले सामने आए हैं। वह अपनी निरीक्षण आख्या में कमियों का उल्लेख करते हुए कार्रवाई के लिए सीएमओ को सौंपेंगे।