फर्रुखाबाद।
लेखपाल ने महिला के खेत की नाप कराने के नाम पर 10 हजार रुपये ले लिए। अब वह खेत का अपने नाम बैनामा करने का दबाव बना रहा है। पीड़िता का दर्द सुनकर डीएम ने जांच के आदेश दिए हैं। डीएम के सामने राजस्व विभाग की 90 और पुलिस की 31 शिकायतें पहुंचीं।
जिलाधिकारी संजय कुमार सिंह सदर तहसील में संपूर्ण समाधान दिवस में जनता की शिकायतें सुनीं। मोहम्मदाबाद के इंदिरानगर निवासी कपूरकली ने अपना दर्द सुनाया। कहा कि उसके खेत पर जाने का कोई रास्ता नहीं है। चकमार्ग की नाप के लिए लेखपाल के एक साल से चक्कर लगा रही है। लेखपाल ने नाप करने के नाम पर 10 हजार रुपये भी ले लिए। इसके बावजूद नाप नहीं की। इसी दौरान पैरवी करने से परेशान होकर उसके पुत्र ने फंदा लगाकर आत्महत्या भी कर ली। नाप करने के बजाय लेखपाल अब खेत का बैनामा कराने का दबाव बना रहा है।
डीएम ने पीड़िता का दुखड़ा सुनकर जांच के आदेश दिए हैं। कान्हेपुर के रमेश ने खेत पर दबंगों का कब्जा होने की दोबारा शिकायत की। कहा कि उनकी जमीन पर गांव का ही दबंग कब्जा किए है। लेखपाल और कानूनगो भी कोई कार्रवाई नहीं कर रहे। सितंबर में भी शिकायत की, मगर कोई कार्रवाई नहीं की गई।
मोहम्मदाबाद के अवंतीबाईनगर (नगला किसान) के शिवम राजपूत, सुशील सिंह, सुरेश, सोबरन ने कहा कि उनके खेतों के लिए कागजों में चकरोड है, मगर 43 साल बीतने के बावजूद उसकी नाप नहीं की गई। उन्होंने शीघ्र ही चकरोड खुलवाने की मांग की। डीएम के सामने कुल 147 शिकायतें आईं, इनमें से 90 शिकायतें राजस्व विभाग संबंधी थीं। पुलिस की 31, विकास की आठ और अन्य विभागों की 10 शिकायतें दर्ज की गईं।
-
फोटो-13,
सरकारी जमीन कब्जा करने की शिकायतों का फर्जी निस्तारण
अमृतपुर। संपूर्ण समाधान दिवस में सीडीओ अरविन्द कुमार मिश्रा ने शिकायतें सुनी। गांव फकरपुर के सुनील तिवारी पांच बार पत्र देकर सरकारी और स्वयं की जमीन पर कब्जा होने की शिकायत कर चुके हैं। इसके बाद भी जमीन कब्जा मुक्त नहीं हुई। लेखपाल व कानूनगो कब्जा करने वालों से मिल कर प्रार्थना पत्रों का फर्जी निस्तारण कर रहे हैं। अधिवक्ता रामनरेश मिश्रा ने ग्रामीणों संग दूसरी बार पत्र देकर अमृतपुर में संचालित पीसीएफ केंद्र को राजेपुर में खोलने की शिकायत की। कहा कि क्षेत्र के किसान खाद लेने को परेशान हैं। गांव भुड़िया भेड़ा की आरती, सोनी आदि ने जेसीबी से हैंडपंप तोड़कर रास्ता बंद करने की शिकायत की। भुसेरा के राधेश्याम ने कहा कि दहलिया गैस एजेंसी के मालिक दो साल से उज्जवला योजना के तहत गैस सिलिंडर व चूल्हा नहीं दे रहे हैं। शिकायत सुनने वालों में एसडीएम रवींद्र सिंह, बीडीओ कौशल कुमार गुप्ता, एडीओ पंचायत अजीत पाठक, सीओ रवींद्र नाथ राय, बीईओ अनूप कुमार सिंह आदि मौजूद रहे। (संवाद)