अयोध्या। 13 किलोमीटर लंबे रामपथ का निमार्ण कर रही आरएनसी कंपनी की लापरवाही का खामियाजा लोगों को पेयजल संकट के रूप में भुगतना पड़ रहा है। कभी पेयजल लाइन टूटने से आपूर्ति बंद तो कभी टूटी लाइन की मरम्मत के नाम पर आपूर्ति बंद। इसी तरह का पेयजल संकट मंगलवार को करीब 12 हजार लोगों ने दिनभर झेला। रामपथ पर खोदाई के दौरान कर्मचारियों द्वारा दो दिन पहले गुलाबबाड़ी तिराहे पर तोड़ी गई पेयजल लाइन की मरम्मत के नाम पर आपूर्ति बंद कराई गई थी। जिसके तहत सुबह आठ बजे से रात आठ बजे तक 14 नलकूपों की आपूर्ति बंद की गई थी। नगर निगम के जलकल विभाग ने प्रमुख स्थानों पर टैंकर से जलापूर्ति की।
जलकल विभाग की अवर अभियंता अनु जायसवाल ने बताया कि रात आठ बजे से दस बजे तक पेयजल आपूर्ति की गई। कहा कि तमाम प्रयासों के बाद भी कंपनी के कर्मचारी नहीं सुधर रहे हैं। लाइनें टूटने के बाद मरम्मत के नाम पर भी खानापूर्ति की जा रही है। इससे पानी का प्रेशर कम हो गया। हजारों लीटर पानी रोज बर्बाद हो रहा है। इन सारी समस्याओं से लोकनिर्माण विभाग फेज तीन के अधिशासी अभियंता को पत्र लिखकर अवगत कराया है। साथ ही इसकी सूचना मंडलायुक्त और जिलाधिकारी को भी दी है।
चार दिनों से 700 लोगों को नहीं मिल रहा पानी
जलकल विभाग की अवर अभियंता अनु जायसवाल ने बताया कि आरएनसी कंपनी के कर्मचारियों ने चार दिन पहले जिला अस्पताल के पास पेयजल आपूर्ति की लाइन तोड़ दी थी। कई बार कहने के बाद भी मंगलवार शाम तक इस लाइन की मरम्मत नहीं की गई। जिससे क्षेत्र के करीब 700 लोगों को चार दिन से पेयजल आपूर्ति नहीं हो रही है। विभाग टैंकर लगाकर लोगों को पानी उपलब्ध करा रहा है।