गुमनामी बाबा उर्फ भगवनजी जांच आयोग ने गुरुवार से कार्यवाही शुरू कर दी है। आयोग के अध्यक्ष जस्टिस विष्णु सहाय ने इससे जुड़े स्थानों का निरीक्षण करने के साथ कैंप कार्यालय में विधिवत काम शुरू कर दिया है।
गुरुवार को यहां पहुंचे जांच आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) विष्णु सहाय ने सर्किट हाउस में पत्रकारों को बताया कि 29 जून 2016 को उनकी अध्यक्षता में गठित किया गया जांच आयोग गुमनामी बाबा जो राम भवन, सिविल लाइन फैजाबाद में निवास करते थे तथा जिनका अंतिम संस्कार 18 सितंबर को फैजाबाद में हुआ था, के बारे में पड़ताल करेगा।
बताया कि उन्होंने आदेश जारी किया है कि कोई भी व्यक्ति/संस्था गुमनामी बाबा अथवा उनके संबंध में अपनी बात शपथ पत्र के माध्यम से अभिलेख, फोटो, वीडियो या अन्य कोई साक्ष्य आयोग के फैजाबाद कैंप कार्यालय में 30 दिन के अंदर प्रस्तुत कर सकता है।
उन्होंने बताया कि आयोग के सचिव दिलीप कुमार (सेवानिवृत्त) जिला न्यायाधीश के मोबाइल नंबर 7388408897 पर भी सीधे संपर्क स्थापित कर सकता है। न्यायमूर्ति ने बताया कि लखनऊ मुख्यालय पर कार्यालय खुलने के बाद ऐसा ही आदेश दिल्ली व कोलकाता सहित अन्य स्थानों के लिए भी जारी किया जाएगा।
जिससे वहां के लोग भी जानकारी दे सकें। इन सूचनाओं में जो गमुनामी बाबा से जुड़ी होंगी, उनको भेजने वालों को गवाही के लिए बुलाया जाएगा लेकिन इस संबंध में कार्यवाही फैजाबाद कैंप कार्यालय में ही होगी। पूर्व के जांच आयोगों के अध्ययन के सवाल पर उन्होंने कहा कि खुले दिमाग से जांच करना चाहते हैं।
बताया कि जांच नोटिफिकेशन तारीख 28 जून 2016 से छह माह में करनी है। अध्यक्ष ने सिविल लाइन स्थित राम भवन का वह कक्ष देखा जहां गुमनामी बाबा निवास करते थे। यहां से वह अयोध्या के सरयू तट स्थित अंतर्राष्ट्रीय राम कथा संग्रहालय पहुंचे।
यहां के उपनिदेशक योगेश कुमार और वीथिका सहायक मानस प्रसाद के साथ संग्रहालय में रखे गए गुमनामी बाबा के सामान को देखा। आयोग के सदस्यों ने कचहरी के सामने जिला सैनिक कल्याण कार्यालय परिसर स्थित कैंप कार्यालय का अवलोकन किया। उनके साथ आयोग के सचिव भी थे। इसके अलावा एडीएम सिटी वीके पांडेय सहित अन्य अफसर मौजूद थे।