अयोध्या। ज्येष्ठ पूर्णिमा के अवसर पर रामनगरी में मां सरयू की जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर मां सरयू की भव्य झांकी सजाई गई। शाम को सरयू के घाट महा आरती व दीपदान से आलोकित हो उठे। वहीं रामनगरी में सरयू स्नान के बाद भक्तों का रेला मंदिरों में दर्शन-पूजन को उमड़ पड़ा।
रामनगरी में ज्येष्ठ पूर्णिमा पर गुरुवार को मां सरयू का अवतरण दिवस सीमित अनुष्ठानों के बीच मनाया गया। सरयू तट भक्तों की आस्था का केंद्र रहा। करीब आधा दर्जन समितियों द्वारा मां सरयू की भव्य महा आरती का आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में उमड़े भक्तों ने पावन सलिला सरयू में डुबकी लगाई और मंदिरों में पूजन-अर्चन किया।
आंजनेय सेवा संस्थान की ओर से विभिन्न अनुष्ठानों का आयोजन हुआ। महंत शशिकांत दास ने बताया कि सुबह मां सरयू का विधिविधान पूर्वक अभिषेक किया गया। शाम को 5100 बत्ती की महा आरती उतारी गई। इस दौरान सरयू तट ‘जय सरयू मैया की’ व ‘जय श्रीराम’ के उद्घोष से गूंजता रहा। भक्तों ने दीपदान भी किया।
सरयू की पावन धारा में दीपदान से सरयू का सौंदर्य निखर उठा। आस्था के प्रकाश से घाट आलोकित हो उठे। उन्होंने बताया कि लॉकडाउन में जहां सारी धार्मिक गतिविधियां बंद थी वहीं नित्य सरयू आरती की लौ से सरयू तट आलोकित होता रहा। कहा कि हर वर्ष सरयू महोत्सव का आयोजन सरकार के सहयोग से किया जाता था लेकिन कोरोना के चलते दो वर्षों से यह कार्यक्रम सीमित होकर रह गया है।
फिर भी पूरे आस्था के साथ परंपरा का निर्वहन किया जा रहा है। वहीं राम की पैड़ी स्थित सरयू मंदिर में भव्य फूलबंगला झांकी सजाई गई। पंडित नेत्रजा प्रसाद मिश्र ने बताया कि सुबह विभिन्न प्रकार के पुष्पों से फूलबंगला झांकी सजाई गई। सांसद लल्लू सिंह व उनके पुत्र विकास सिंह ने भी ज्येष्ठ पूर्णिमा के अवसर पर मां सरयू का अभिषेेक कर आरती उतारी।
आरती के संयोजक करतलिया आश्रम के महंत बालयोगी रामदास ने कहा सदियों से सरयू जयंती का पर्व मनाया जा रहा है। रामनरी के सिद्धांतों में शामिल करतलिया बाबा नेेेे सदियों पूर्व जिस परंपरा का सूत्रपात किया था उसका अनुपालन आज भी किया जा रहा है। सरयू जयंती के अवसर पर शाम को पूर्व मंत्री तेज नारायण पांडेय के सानिध्य में 5100 बत्ती की महा आरती व दीपदान संपन्न हुआ। इस दौरान रामशंकर सिंह, कल्पना सिंह, हरिहर यादव सहित अन्य मौजूद रहे।
अयोध्या मे सहस्त्रधारा घाट पर सरयू की आरती करते संत- फोटो : FAIZABAD