ट्रेन रद्द होने की सूचना लाउडस्पीकर से प्रसारित होती रही। टिकट वापसी को सुबह ही खिड़की पर यात्रियों की भीड़ पहुंच गई।
अवकाश का दिन होने के कारण दोपहर दो बजे तक ही टिकट वापसी व आरक्षण का कार्य होने से यात्रियों में हड़कंप मचा रहा। करीब 400 यात्रियों ने रिफंड लिया। यात्रियों के चेहरे पर नौकरी और इलाज के लिए निर्धारित तिथि पर न पहुंच पाने का दर्द था तो सुकून इतना ही कि खिड़की से बिना कटौती पूरा रिफंड मिल रहा था।
टिकट वापस करने रविवार को पहुंचे कटरा नवाबगंज के शैलेश कुमार अपने पिता को टाटा दिखाने के लिए पहले अपनी 18 जून की यात्रा 21 जून करवा चुके थे। रविवार को ट्रेन फिर रद्द होने से खिड़की पर पहुंचे थे। नंबर आने पर तैनात ईआरसी ने कहा कि अब यात्रा 28 जून करने की सुविधा नहीं मिल सकती।
दूसरी बार ऐसा करने पर टिकट रद्द हो जाता है। नया टिकट लेना होगा। टाटा का पास भी नये आरक्षण पर लागू नहीं होगा। उसने अपने पास से रुपये जमा कर 28 जून का वेटिंग टिकट लिया। अधिक दिक्कत उनके सामने थी, जिन्होंने महीने भर पहले इस ट्रेन में स्लीपर, सेकेंड व थर्ड एसी में बर्थें आरक्षित करायी थीं।
दूर दराज से ट्रेन का जनरल टिकट लेने पहुंचे यात्रियों को खिड़की से वापस किया जाता रहा। रेलवे सूत्रों के अनुसार इटारसी के पावर केबिन में आग लग जाने के बाद मरम्मत का कार्य अभी चल रहा है। इसके साथ ही मुंबई में नासिक के पास रेलवे का एक पुल बह गया है।
ट्रैकों पर पानी भरा है। ऐसे ट्रैक से ट्रेनों का संचालन रुका हुआ है। 18 जून को मुंबई से यहां पहुंची अप साकेत एक्सप्रेस आज भी गुड्स साइडिंग में खड़ी है।